केरल बाढ़ पीड़ितों के लिए पहुंची इतनी मदद कि भर गए गोदाम, बनाने पड़ रहे हैं नए केंद्र

केरल के बाढ़ पीड़ितों की मदद के लिए पूरे देश से राहत सामग्री लगातार केरल पहुंच रही है. ऐसे में केरल के कई हिस्सों में राहत सामग्री एकत्र करने के लिए बनाए गए गोदाम भर गए हैं.

 केरल बाढ़ पीड़ितों के लिए पहुंची इतनी मदद कि भर गए गोदाम, बनाने पड़ रहे हैं नए केंद्र
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नई दिल्ली : केरल के बाढ़ पीड़ितों की मदद के लिए पूरे देश से राहत सामग्री लगातार केरल पहुंच रही है. ऐसे में केरल के कई हिस्सों में राहत सामग्री एकत्र करने के लिए बनाए गए गोदाम भर गए हैं. ऐसे में केरल सरकार की ओर से पलक्कड़ जिले में राहत सामग्री एकत्र करने के लिए दो नए केंद्र बनाए गए हैं. वहीं सरकार के प्रशासनिक विभाग की ओर से दिल्ली स्थित केरल के रेजिडेंट कमिश्नर को लिखा गया है कि वो रेलवे से अनुरोध करें की केरल के किसी भी जिलाधिकारी के नाम से भेजी गई राहत सामग्री को पलक्कड़ रेलवे स्टेशन या सोरनूर रेलवे स्टेशन पर उतारा जाए. ये दोनों रेलवे स्टेशन पलक्कड़ जिले में ही हैं.

इन जिलों में भर गए राहत सामग्री केंद्र
केरल में बाढ़ पीड़ितों की मदद के लिए देश भर से केरल के विभिन्न जिलों के जिलाधिकारियों के नाम पर राहत समग्री भेजी जा रही थी. केरल सरकार की ओर से त्रिवेंद्रम, एर्नाकुलम, अलाप्पुझा और त्रीशूर जिलों में राहत सामग्री एकत्र करने के लिए सेंटर बनाए गए थे. इस केंद्रों पर इतनी राहत समग्री पहुंच चुकी है कि केरल सरकार के लिए इसे संभाल पाना मुश्किल हो गया है. ऐसे में सरकार की ओर से पलक्कड़ जिले राहत सामग्री एकत्र करने के लिए नया केंद्र बनाया गया है.

ये भी पढ़ें : केरल में बाढ़ के बाद अब रैट फीवर का कहर, 12 लोगों की मौत, हाई अलर्ट जारी

केरल में बाढ़ के बाद नया खतरा  
भीषण बाढ़ से उबर रहे केरल में सोमवार को रैट फीवर से दो और लोगों की मौत होने से पिछले तीन दिनों में इससे मरने वालों की संख्या 12 हो गई है. इसे देखते हुए राज्य में तीन हफ्ते के लिए हाई अलर्ट लागू कर दिया गया है. कोझिकोड और पथानमतिट्टा जिलों में 71 और लोगों में इस बीमारी के लक्षण मिले हैं. पूरे केरल में लेप्टोस्पाइरोसिस यानी रैट फीवर के अबतक 372 मामले दर्ज किए गए हैं.

 

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