अगर अयोध्या में राम मंदिर बनता है तो कांग्रेस उसमें दीया जलाएगी: भूपेंद्र सिंह हुड्डा

अयोध्या में राम मंदिर बनने के मुद्दे पर भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी को सिर्फ चुनाव से पहले ही राम मंदिर की याद आती है.

अगर अयोध्या में राम मंदिर बनता है तो कांग्रेस उसमें दीया जलाएगी: भूपेंद्र सिंह हुड्डा
सरकार राज्य में किसान की स्थिति को सुधारने में नाकाम साबित हुई है

जयपुर/सुशांत पारीक: प्रदेश में चुनावों के मद्देनजर सभी पार्टियों के वरिष्ठ नेताओं जनता के बीच नजर आने लगे हैं. इसी कड़ी में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा  रविवार को जयपुर में मौजूद थे. जहां  विधानसभा चुनाव के मद्देनजर राज्य और केंद्र से जुड़े मुद्दों को लेकर उन्होने खास चर्चा की . भूपेंद्र सिंह हुड्डा से किसान रोजगार और कांग्रेस के चुनावी मुद्दों से संबंधित सवाल पूछे गए जिनका उन्होंने बखूबी जवाब दिया लेकिन राम मंदिर के सवाल से बचते दिखाई दिए.

चुनावों को लेकर भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि इस बार का चुनाव किसान की परेशानी युवा रोजगार और महिला सुरक्षा के मुद्दे पर लड़ा जा रहा है. बीजेपी को चुनाव के समय ही राम मंदिर की याद आती है. जबकि कांग्रेस धर्म के नाम पर राजनीति नहीं करती. वहीं सरकार के अध्यादेश लाने के सवाल पर उन्होंने कहा यह ऐसा सवाल है जिसका अभी कोई जवाब नहीं दिया जा सकता लेकिन सरकार अगर कोई निर्णय करती है तो कांग्रेस उस पर रियेक्ट करेगी. 

अयोध्या में राम मंदिर बनने के मुद्दे पर भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी को चुनाव से पहले राम मंदिर की याद आती है. लेकिन कांग्रेस इस तरह की राजनीति नहीं करती. अयोध्या में अगर मंदिर बनता है तो उसमें दिया कांग्रेस के नेता भी जलाएंगे. वहीं चुनावी मुद्दों को लेकर वरिष्ठ नेता भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा  कि इस बार का चुनाव कांग्रेस किसान युवा रोजगार और महिला सुरक्षा के आधार पर लड़ने जा रही है. हुड्डा ने यह भी कहा कि राजस्थान में जनता भाजपा से पूरी तरह से त्रस्त हो चुकी है.

उनका कहना था कि राज्य और केंद्र सरकार देश और राज्य में किसान की स्थिति को सुधारने में नाकाम साबित हुई है. राजस्थान में 163 सीटों के साथ सत्ता में आने वाली भारतीय जनता पार्टी जनता से अपना विश्वास खो चुकी है. राज्य सरकार प्रत्येक मोर्चे पर विफल साबित हुई है. पिछले 4:30 साल में 100 से अधिक किसान आत्महत्या कर चुके है और स्थिति बताती है कि किसान किस कदर बदहाली की हालत में है.

बीजेपी सरकार पर प्रहार करते हुए हुड्डा ने कहा कि किसान को समर्थन मूल्य का लॉलीपॉप दिया गया लेकिन वह अपनी बाजरे की फसल नहीं बेच पा रहा है. कर्ज माफी की घोषणा की गई लेकिन वह केवल कोरी घोषणा ही बनकर रह गई है. राजस्थान में इस बार का चुनाव किसान की बदहाली के मुद्दे पर लड़ा जा रहा है और धरतीपुत्र पूरी तरह से कांग्रेस के साथ है. भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने और रोजगार महिला अपराध और राजस्थान की खराब आर्थिक हालत को भी मीडिया के सामने रखा. 

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने 50,000 से अधिक सरकारी कर्मचारियों को नौकरी से निकाल दिया है प्रत्येक वर्ग प्रत्येक कर्मचारी वर्ग हड़ताल करने को मजबूर है. इस मामले में प्रकाश जावड़ेकर सहित किसी भी नेता से बहस करने को तैयार हैं. 2013 में जब भारतीय जनता पार्टी सत्ता में आई थी तब राज्य पर जो कर्ज था जो आज बढ़कर दोगुना हो गया है. जीडीपी का स्तर लगातार गिरता जा रहा है.

पहले हरियाणा में चर्चा होती थी कि राजस्थान शांत प्रदेश है लेकिन अब प्रदेश की छवि बदल गई है. राजस्थान में अपराधों का ग्राफ लगातार बढ़ रहा है. महिला अपराधों में राजस्थान तीसरे नंबर पर पहुंच गया है जबकि हत्या और साइबर अपराधों के मामले में स्थिति चौथे पायदान की है. वहीं दागी बहाल अधिकारियों को लेकर भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा है कि राजस्थान में  भाजपा शासन में लगातार घोटाले हो रहे हैं एनआरएचएम और खनन जैसे बड़े घोटालों में शामिल अधिकारियों को फिर से बहाल किया जा रहा है. कांग्रेस के सत्ता में आने पर अधिकारियों के खिलाफ जांच कर कार्रवाई की जाएगी.

वहीं चुनाव की टिकटों को लेकर उन्होने कहा कि बीजेपी में घमासान वसुंधरा राजे की लिस्ट को अमित शाह मानने को तैयार नहीं है. जबकि कांग्रेस के भीतर अंतर कलह जैसी कोई स्थिति नहीं है. टिकट वितरण के दौरान सभी को अपना पक्ष रखने का अधिकार है. घमासान की स्थिति भारतीय जनता पार्टी में है जहां मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे की लिस्ट को अमित शाह ने मानने से इनकार कर दिया है.

वहीं खुद के चुनाव लड़ने के सवाल पर उनका कहना था कि चुनाव लड़ने से कोई फर्क नहीं पड़ता. वहीं कांग्रेस में मुख्यमंत्री पद की दावेदारी और अशोक गहलोत सचिन पायलट के चुनाव लड़ने के सवाल पर हुड्डा ने कहा कि कांग्रेस में चुनाव लड़ने और मुख्यमंत्री पद को लेकर एक पुरानी परंपरा रही है. विधायक दल ही नेता का चुनाव करता आया है. रहा सवाल चुनाव लड़ने का तो हरियाणा में मैं सांसद था लेकिन इसके बावजूद चुनाव में बहुमत मिलने के बाद मुझे मुख्यमंत्री बनाया गया और फिर मैंने विधायक का चुनाव लड़ा.

जबकि चुनाव से पहले खत्म हो जाएगी इनेलो पार्टी के सवाल पर भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा इनेलो पार्टी में जो घमासान चल रहा है उसके बारे में उन्होंने 2 साल पहले ही बता दिया था और चुनाव से पहले यह पार्टी पूरी तरह से खत्म हो जाएगी. लेकिन प्रेस कॉन्फ्रेंस में जिस तरह से कांग्रेस की तरफ से किसान के मुद्दे को प्रमुखता से उठाया गया है उससे एक बात बिल्कुल साफ हो गई है कि कांग्रेस इस बार राजस्थान में पूरी तरह से किसान के मुद्दे पर चुनाव लड़ने जा रही है. इसके अलावा बेरोजगारी और महिला सुरक्षा के मुद्दे भी कांग्रेस के घोषणापत्र में प्रमुख तौर पर देखे जाने की संभानवना है. 

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