राजस्थान: 7 दिसंबर को 199 विधानसभा सीटों के लिए 51687 मतदान केंद्रो पर होगी वोटिंग

विधानसभा चुनाव में प्रदेश के 4 करोड़ 76 लाख से ज्यादा मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे. 

राजस्थान: 7 दिसंबर को 199 विधानसभा सीटों के लिए 51687 मतदान केंद्रो पर होगी वोटिंग
राज्य के निर्वाचन आयोग ने चुनाव में मतदान के लिए सारी तैयारी पूरी कर ली है.

जयपुर: राज्य मे 7 दिसंबर को होने वाले विधानसभा चुनाव के दौरान 51 हजार 687 मतदान केंद्रों पर प्रदेश के 4 करोड़ 76 लाख से ज्यादा मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे. इस बार निर्वाचन विभाग ने सभी मतदान केंद्र पर पेयजल, छाया, रैम्प, बिजली सहित सभी तरह की आधारभूत सुविधाएं भी उपलब्ध कराई है.

मुख्य निर्वाचन अधिकारी आनंद कुमार ने बताया कि प्रदेश में इससे पूर्व 51965 मतदान केंद्र थे, लेकिन एक प्रत्याशी की मौत के बाद 51687 मतदान केंद्रों पर मतदान होगा.

जयपुर जिले में सबसे ज्यादा, तो प्रतापगढ़ मे है सबसे कम मतदान केंद्र

राज्य के 33 जिलों में सबसे ज्यादा मतदान केंद्र जयपुर मे है. जबकि सबसे कम मतदान केंद्र प्रतापगढ़ जिले में है. जहां जयपुर में 4636 मतदान केंद्र है. वहीं प्रतापगढ़ जिले में सबसे कम मतदान केंद्रो 573 है. इसके अलावा अजमेर में 1966, अलवर में 2419, बांसवाड़ा में 1377, बारां में 1040, बाड़मेर में 2194, भरतपुर में 1774, भीलवाड़ा में 1935, बीकानेर में 1575, बूंदी में 900, चित्तौडगढ़ में 1507, चूरू में 1562, दौसा में 1237, धौलपुर में 932, डूंगरपुर में 1015, श्रीगंगानगर में 1508 और हनुमानगढ़ में 1276 मतदान केंद्र, जैसलमेर में 616, जालौर में 1356, झालावाड़ में 1147, झुंझनूं में 1770, जोधपुर में 2550, करौली में 1055, कोटा में 1435, नागौर में 2506, पाली में 1729, प्रतापगढ़ में 573, राजसमंद में 980, सवाई माधोपुर में 967, सीकर में 2059, सिरोही में 741, टोंक में 1105 और उदयपुर में  2245 मतदान केंद्र स्थापित किए गए हैं. 

दिव्यांगजनों के लिए होगी विशेष सुविधाएं

राज्य के उप मुख्य निर्वाचन अधिकारी विनोद पारीक ने बताया कि प्रदेश के सभी मतदान केंद्रों पर भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार सभी आधारभूत सविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं. उन्होंने कहा कि राज्य में पहली बार दिव्यांगजनों को वाहन और व्हीलचेयर आदि की सुविधा सुलभ करवाई जा रही हैं. यही नहीं उनके सहयोग के लिए 18 वर्ष से अधिक उम्र के एनसीसी, स्काउट गाइड कैडेट्स भी वालंटियर के रूप में मौजूद रहेंगे. 

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