‘तेलंगाना मसले को लंबा खीच रही कांग्रेस’

भारतीय जनता पार्टी के वरिष्‍ठ नेता और प्रवक्‍ता शाहनवाज हुसैन ने कहा है कि कांग्रेस नीत यूपीए गठबंधन सरकार का संसद में अलग तेलंगाना राज्‍य के मसले पर चर्चा करने का कोई इरादा नहीं है। सरकार इस मसले को जानबूझकर लंबा खीच रही है।

Updated: Apr 25, 2012, 11:13 AM IST

 

नई दिल्‍ली : भारतीय जनता पार्टी के वरिष्‍ठ नेता और प्रवक्‍ता शाहनवाज हुसैन ने कहा है कि कांग्रेस नीत यूपीए गठबंधन सरकार का संसद में अलग तेलंगाना राज्‍य के मसले पर चर्चा करने का कोई इरादा नहीं है। सरकार इस मसले को जानबूझकर लंबा खीच रही है। उन्‍होंने कहा कि यूपीए सरकार अपने सभी नीति निर्माताओं के ऊपर नियंत्रण खो चुकी है। अब ऐसा लग रहा है कि केंद्र सरकार और कांग्रेस पार्टी का कोई अधिकार ही नहीं रह गया है। कांग्रेस के नीति निर्माता न तो सरकार और न ही पार्टी हाईकमान की बात सुन रहे हैं।

 

शाहनवाज ने कहा कि भाजपा हमेशा से अगल तेलंगाना राज्‍य के गठन की पक्षधर रही है। उन्‍होंने सवालिया लहजे में कहा कि यदि देश की मुख्‍य विपक्षी पार्टी तेलंगान राज्‍य के गठन को लेकर सहयोग करने को तैयार है तो फिर यह देरी क्‍यों की जा रही है।

 

उधर, पृथक तेलंगाना राज्य के गठन की मांग को लेकर लोकसभा की कार्यवाही बाधित करने पर चार दिन के लिए निलंबित किये गए तेलंगाना क्षेत्र के सांसदों ने कहा कि यह मांग पूरी होने तक उनका संघर्ष जारी रहेगा और सदन में इस विषय को आगे उठाने के बारे अपनी रणनीति सोमवार को तय करेंगे। निलंबित सदस्य पोन्नम प्रभाकर ने कहा कि जब तक हम तेलंगाना राज्य हासिल नहीं कर लेंगे तब तक चुप नहीं बैठेंगे।

 

उन्होंने कहा कि हमारा संघर्ष जारी रहेगा। सोमवार को सदन में इसे उठाने के बारे में अपनी रणनीति सोमवार को तय करेंगे। इन आठ सांसदों का निलंबन सोमवार को समाप्त हो रहा है। निलंबित किये गये सदस्य पोन्नम प्रभाकर, मधुगौड़ याक्षी, एम जगन्नाथ, सुकेंद्र रेड्डी गुथा, केआरजी रेड्डी, राजैया सिरिसिल्ला, पोरिका बलराम नाइक और गद्दम विवेकानंद हैं। कल तीन बार के स्थगन के बाद सदन की बैठक पूरे दिन के लिए स्थगित किये जाने पर भी कांग्रेस के आठ निलंबित सांसद सदन में धरने पर बैठ गये। उनका कहना था कि वे बगैर खाये पिये सदन में ही बैठेंगे। हालांकि बाद में समझाने पर वे मान गए और सदन से बाहर आ गए।

(एजेंसी)