जानबूझकर संघर्षविराम उल्लंघन कर रहा पाकिस्तान: जेटली

नियंत्रण रेखा और अंतरराष्ट्रीय सीमा के नजदीक लगातार संघर्षविराम उल्लंघन को ‘जानबूझकर’ किया गया उल्लंघन करार देते हुए रक्षा मंत्री अरूण जेटली ने सोमवार को कहा कि यह स्पष्ट है कि पाकिस्तान और इसके ‘अंदर की ताकतें’ नहीं चाहतीं कि भारत के साथ संबंध सामान्य हों।

भाषा | अंतिम अपडेट: Aug 18, 2014, 09:32 PM IST
जानबूझकर संघर्षविराम उल्लंघन कर रहा पाकिस्तान: जेटली

अमृतसर : नियंत्रण रेखा और अंतरराष्ट्रीय सीमा के नजदीक लगातार संघर्षविराम उल्लंघन को ‘जानबूझकर’ किया गया उल्लंघन करार देते हुए रक्षा मंत्री अरूण जेटली ने सोमवार को कहा कि यह स्पष्ट है कि पाकिस्तान और इसके ‘अंदर की ताकतें’ नहीं चाहतीं कि भारत के साथ संबंध सामान्य हों।

पाकिस्तान की सीमा के साथ लगते पंजाब के अग्रिम इलाकों का दौरा करने के बाद उन्होंने संवाददाताओं से कहा कि यह स्पष्ट है कि पाकिस्तान की तरफ से जानबूझकर संघर्षविराम उल्लंघन हो रहा है । इससे पहले यह केवल नियंत्रण रेखा के पास था लेकिन अब यह अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास भी हो रहा है। पिछले 10 दिनों में जम्मू क्षेत्र में नियंत्रण रेखा और अंतरराष्ट्रीय सीमा के नजदीक पाकिस्तानी सुरक्षा बलों ने 11 बार संघर्षविराम का उल्लंघन किया।

जेटली ने कहा कि यह स्पष्ट है कि पाकिस्तान और उसके अंदर की ताकतें दोनों देशों के बीच संबंध सामान्य नहीं होने देना चाहतीं। उनकी टिप्पणी तब आई है जब भारत ने 25 अगस्त को होने वाले विदेश सचिव स्तर की वार्ता को रद्द कर दिया है। भारत ने कहा कि पाकिस्तान कश्मीरी अलगाववादियों के साथ वार्ता कर हमारे देश के अंदरूनी मामलों में हस्तक्षेप कर रहा है और यह ‘अस्वीकार्य’ है।

जेटली ने कहा कि उन्होंने सीमा पर सेना की अग्रिम चौकियों का दौरा किया। उन्होंने कहा कि हमारे जवान पाकिस्तान की तरफ से किसी भी संघर्षविराम के उल्लंघन का करारा जवाब देने को तैयार हैं। एक दिन के अमृतसर दौरे पर गए जेटली ने डेरा बाबा नानक सेक्टर में कोसोवाल बी. एन. एन्क्लेव का दौरा किया और अंतरराष्ट्रीय सीमा पर तैनात सेना एवं बीएसएफ के जवानों से बातचीत की। जेटली ने कहा कि सुरक्षा बलों ने उन्हें अपनी क्षमताओं से अवगत कराया और ‘रक्षा खरीदारियों में तेजी लाने’ की जरूरत है और सरकार ने पिछले दो-तीन महीने में इस सिलसिले में तेजी दिखाई है।

जेटली के साथ सेना प्रमुख जनरल दलबीर सिंह सुहाग, पश्चिमी सेना के कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल के. जे. सिंह और 11वें कोर के कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल एन. पी. सिंह हीरा भी थे।