आसाराम बापू से कई घंटे तक हुई पूछताछ, पत्नी-बेटी को मिली जमानत

नाबालिग से बलात्कार के आरोपों में फंसे आसाराम से अहमदाबाद पुलिस ने गुरुवार को पीड़ित लड़की के सामने बिठाकर पूछताछ की।

Updated: Oct 17, 2013, 08:37 PM IST

ज़ी मीडिया ब्यूरो
अहमदाबाद: नाबालिग से बलात्कार के आरोपों में फंसे आसाराम से अहमदाबाद पुलिस ने गुरुवार को पीड़ित लड़की के सामने बिठाकर पूछताछ की। यह पूछताछ कई घंटे तक चली। पहले आधे घंटे तक पीड़िता और आसाराम से अलग-अलग कमरे में पूछताछ की गई। आसाराम ने अपने ऊपर लगाए गए सभी आरोपों से इंकार कर दिया।
पीड़िता को सामने लाने के बाद आसाराम से सवाल पूछा गया तब उन्होंने लड़की को पहचानने से इंकार कर दिया। साथ ही वह ॐ,ॐ का जाप करने लगे। पूछताछ के दौरान आसाराम हर आरोप से इनकार करते रहे। पीड़ित लड़की ने पुलिस को केस से संबंधित कई कागजात दिखाए।

पुलिस ने आसाराम के हाव-भाव परखने के लिए मनोवैज्ञानिकों को भी बिठा रखा था। पुलिस सूत्रों के मुताबिक आसाराम और सूरत की इस बड़ी बहन को आमने-सामने बिठाया गया। उनके साथ ही बैठी थी मनोवैज्ञानिकों की एक टीम भी। इस बीच यौन उत्पीड़न के आरोपों का सामना कर रहे आसाराम ने सिविल अस्पताल में पुरूषत्व जांच में सहयोग करने से इनकार कर दिया।
दूसरी तरफ यौन शोषण के आरोपों से घिरे आसाराम बापू के परिवार को को गांधीनगर कोर्ट से थोड़ी राहत मिली है। गांधीनगर कोर्ट ने सूरत की दो बहनों से रेप के मामले में आसाराम की पत्नी लक्ष्मी और बेटी भारती को अग्रिम जमानत दे दी है। इससे दोनों पर लटक रही गिरफ्तारी की तलवार फिलहाल हट गई है। आसाराम के बेटे नारायण साई की अग्रिम जमानत पर शुक्रवार को सुनवाई होगी।
गौर हो कि सूरत निवासी दोनों बहनों में बड़ी बहन ने आसाराम पर 1997 से 2006 के बीच अपना बार-बार यौन उत्पीड़न करने का आरोप लगाया है। उस वक्त वह अहमदाबाद शहर के बाहरी इलाके में स्थित उनके आश्रम में रह रही थी। आसाराम के खिलाफ मामला चंद्रखेड़ा पुलिस थाने में भेज दिया गया क्योंकि घटनाएं उसी थाना क्षेत्र में हुई थीं। वहीं, छोटी बहन ने आसाराम के बेटे साईं पर 2002 से 2005 के दौरान यौन उत्पीड़न करने का आरोप लगाया है जिस वक्त वह आसाराम के सूरत आश्रम में रह रही थी।