अमेठी में गांधी परिवार पर गरजे मोदी, कहा- चुनाव हारा तो चाय भी बेच लूंगा

Last Updated: Monday, May 5, 2014 - 20:58

ज़ी मीडिया ब्यूरो/आलोक कुमार राव
अमेठी : अमेठी लोकसभा सीट से कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी से मोर्चा ले रहीं स्मृति ईरानी के पक्ष में प्रचार करने पहुंचे बीजेपी के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी ने कहा कि अब तक के मतदाताओं ने दो काम कर दिए हैं। पहला मां-बेटे की सरकार गई। मतदाताओं ने दूसरा काम आने वाली नई सरकार के लिए मजबूत नीव का शिलान्यास कर दिया है। अमेठी की जनता का काम है मजबूत सरकार बनाना। मोदी ने अमेठी से भाजपा प्रत्याशी को भारी मतों से जिताने की अपील की।
प्रियंका पर कटाक्ष करते हुए मोदी ने कहा कि लोग यह पूछते हैं कि स्मृति ईरानी कौन हैं। मोदी ने कहा, 'मैं बताता हूं, स्मृति ईरानी कौन है, स्मृति ईरानी मेरी छोटी बहन है। वह इस भूमि को सजोने के लिए आई है। हम मुद्दों एवं विकास के मुद्दे पर चुनाव लड़ते हैं।'
मोदी ने कहा कि गुस्से की राजनीति कांग्रेस पार्टी करती है। उन्होंने कहा कि राजीव गांधी ने आंध्र प्रदेश के सीएम को अपमानित किया था। कांग्रेस अध्यक्ष सीताराम केसरी को कांग्रेस पार्टी के कार्यालय से बाहर फेंका गया। मोदी ने पूछा कि यह गुस्सा है कि नहीं।
मोदी ने गांधी परिवार पर कटाक्ष करते हुए कहा कि वह चुनाव हारे तो चाय भी बेच लेंगे। उन्हें चाय बेचने में कोई शर्म नहीं है और न ही इसे लेकर कोई चिंता है।
मोदी ने कहा, 'लूटने वालों से मांगने वाला बड़ा होता है। हम मांगने वाले हैं, लूटने वाले नहीं। बेटे के लिए इस मां ने 10 साल से बहुत कष्ट झेला है। एक मां को मैं समझ सकता हूं। मैं मां-बेटे के गुस्से को समझ सकता हूं। कांग्रेस उपाध्यक्ष सोनिया गांधी ने कहा है कि मोदी ने अभी से अपने को पीएम मान लिया है। इस पर मुझे यही कहना है कि उनके मुंह में घी-शक्कर।'
राहुल और सोनिया पर निशाना साधते हुए कहा कि मां-बेटे ने दोनों ने देश को ठगा है।
मोदी ने कहा कि राहुल की मुसीबतें बढ़ाने के लिए भाजपा ने स्मृति ईरानी को यहां नहीं भेजा है बल्कि अमेठी की मुसीबतें कम करने के लिए पार्टी ने स्मृति को भेजा।
मोदी ने कहा कि अब केंद्र में भाजपा की सरकार बनने से कोई रोक नहीं सकता। अमेठी से यदि भाजपा जीतती है तो वह इस जिले में ऐसा बदलाव लाएगी कि दुनिया के लोग यहां 'केस स्टडी' करने आएंगे। मोदी ने सवाल किया कि जो लोग गुजरात के विकास पर सवाल उठाते हैं, उन्होंने क्या अमेठी का हाल जाना है।
मोदी ने कहा कि वह अमेठी में कोई राजनीतिक संदेश देने नहीं आएं हैं, बल्कि वह यहां के लोगों की पीड़ा बांटने आया है। वह नई पीढ़ी के आंखों में सपने संजोने आए हैं।
इससे पहले मोदी के रैली स्थल पर पहुंचने पर स्मृति ईरानी ने उनका पैर छूकर आशीर्वाद लिया। रैली को संबोधित करते हुए स्मृति ने कहा कि गांधी परिवार ने रिश्तों का हवाला देकर अमेठी की जनता से वोट तो लिया लेकिन उसके बदले में अमेठी में काम नहीं किया। स्मृति ने लोगों से सात मई को भारी संख्या में भाजपा के पक्ष में वोट देने की अपील की।
मोदी की सुरक्षा को लेकर यहां सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। आज शाम आठवें चरण के लिए चुनाव प्रचार का शोर थम जाएगा। अमेठी में मोदी की यह पहली चुनावी सभा होगी। मोदी के अमेठी पहुंचने से पहले ही हालांकि राहुल गांधी वहां से चले गए हैं, जबकि प्रियंका गांधी भी सोमवार को पूर्वाह्न् 11 बजे वहां से रवाना हो जाएंगी। लोकसभा चुनाव के महासमर में उत्तर प्रदेश में सात मई को होने वाले मतदान से पहले भाजपा के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार मोदी 15 सीट के अपने सभी प्रत्याशियों के क्षेत्र में दस्तक दे रहे हैं। अमेठी सीट के लिए 7 मई को मतदान होगा।
इससे पहले, मोदी ने आज उत्‍तर प्रदेश में चार रैलियों को संबोधित किया।
उधर, अमेठी में अपने चुनाव प्रचार के आखिरी चरण में कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी रोड शो और जनसभा करने में व्‍यस्‍त थे। रोड शो अपनी रैलियों के दौरान राहुल ने कहा कि विकास के मुद्दे पर भाजपा के इरादे ठीक नहीं हैं। राहुल ने आरोप लगाया कि नरेंद्र मोदी का विकास का मॉडल एक या दो उद्योगपतियों तक ही सीमित है और उनमें से एक अडानी हैं। रविवार को टीकरमाफी में अपनी एक रैली में राहुल ने कहा कि विकास के मुद्दे पर भाजपा और उसके प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार के इरादे ठीक नहीं हैं।
इसके पहले भाजपा के वरिष्ठ नेता अरुण जेटली ने कहा कि अमेठी ने बड़े घरों के बेटों और बेटियों को खूब देख लिया है। अब अमेठी की बेटी (ईरानी) वहां से सांसद बने इसके लिए पार्टी पूरा जोर लगा देगी। उन्होंने कहा कि स्मृति ईरानी के रूप में भाजपा ने इस बार अमेठी से बहुत मजबूत उम्मीदवार उतारा है और अगले कुछ दिनों में हम उन्हें जिताने के लिए सारे प्रयास झोंक देंगे।
उधर, राहुल के पक्ष में उनकी बहन प्रियंका गांधी पिछले कुछ समय से वहां जम कर प्रचार कर रही हैं। दो बार से अमेठी से सांसद राहुल गांधी इस बार त्रिकोणीय मुकाबले में हैं। स्मृति के अलावा वहां से आम आदमी पार्टी के कुमार विश्वास भी कांग्रेस उपाध्यक्ष के विरूद्ध मोर्चा खोले हुए हैं। 2004 और 2009 के लोकसभा चुनावों को भारी मतों से जीतने के बाद 2012 में हुए उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावो के दौरान कांग्रेस को इस लोकसभा क्षेत्र में आने वाली पांच में से तीन विधानसभा सीट पर हार का सामना करना पड़ा था। अमेठी का नेहरू गांधी परिवार से पुराना रिश्ता रहा है जहां की लोकसभा सीट का जवाहरलाल नेहरू, राजीव गांधी और सोनिया गांधी प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं। भाजपा ने दशकों से नेहरू-गांधी परिवार का चुनावी क्षेत्र रहे अमेठी के बारे में दावा किया कि सैलाब की तरह बढ़ रही मोदी लहर वहां पंहुच गई है और देश को इस बार राहुल गांधी की हार के रूप में आश्चर्यजनक परिणाम के लिए तैयार रहना चाहिए।
वहीं, बीजेपी के वरिष्ठ नेता अरुण जेटली ने यहां कहा कि अमेठी के वर्तमान सांसद की वहां की जनता के साथ रिश्ते नाममात्र के हैं। दशकों से परिवार का मजबूत गढ़ बने रहने के बावजूद, अमेठी की उत्तर प्रदेश के सबसे पिछड़े चुनाव क्षेत्रों में गिनती होती है। ऐसे में राहुल इस बार जबरदस्‍त सत्ता विरोधी भावना का सामना कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि स्मृति के रूप में भाजपा द्वारा मजबूत प्रत्याशी दिए जाने और मोदी की आज वहां होने वाली रैली को देखते हुए अमेठी को इस बार आश्चर्यजनक परिणाम के लिए तैयार रहना चाहिए।
उधर, अमेठी में भाजपा की हार सुनिश्चित करने के लिए सपा ने कांग्रेस उपाध्यक्ष और प्रत्याशी राहुल गांधी को समर्थन देने का फैसला किया है। पार्टी की ओर से कहा गया कि देश में साम्प्रदायिकता फैला रही फिरकापरस्त ताकतों को रोकने के लिये ही सपा प्रमुख मुलायम सिंह यादव ने अमेठी और रायबरेली से कोई भी उम्मीदवार नहीं खड़ा किया। अमेठी में भाजपा की कोई लहर नहीं चल रही है।



First Published: Monday, May 5, 2014 - 16:50


comments powered by Disqus