इंसानों से भी तेज होता है मछलियों का दिमाग!

मछलियों का दिमाग कई मायनों में इंसानों से भी तेज होता है। यह बात एक शोध में निकलकर सामने आई है। आम तौर पर यह माना जाता है कि मछलियों में दिमाग नहीं होता और उन्हें पीड़ा महसूस नहीं होती।

ज़ी मीडिया ब्‍यूरो | अंतिम अपडेट: शुक्रवार जून 20, 2014 - 03:46 PM IST
इंसानों से भी तेज होता है मछलियों का दिमाग!

मेलबर्न : मछलियों का दिमाग कई मायनों में इंसानों से भी तेज होता है। यह बात एक शोध में निकलकर सामने आई है। आम तौर पर यह माना जाता है कि मछलियों में दिमाग नहीं होता और उन्हें पीड़ा महसूस नहीं होती।

ऑस्ट्रेलिया की मैक्वोयर विश्वविद्यालय में शोध में यह पाया गया कि मछलियों मछलियों की यादाश्त बहुत तेज होती है। यहां तक कि मछलियां खुद को और दूसरी मछलियों को बेहतर तरीके से पहचान भी सकती हैं। इतना ही नहीं बल्कि मछलियां एक-दूसरे के साथ सहयोग करती हैं।

शोध में सामने आया है कि इंसानों की तरह मछलियां भी स्वविकसित उपकरणों का इस्तेमाल करने में सक्षम होती हैं। इस शोध में एक बोनी मछली पर अध्ययन किया गया तथा यह अध्ययन करने वाले ब्राउन का कहना है कि "मछलियों का व्यावहारिक और ज्ञान संबंधी सुधार और उनमें दर्द की धारणा के विषय में मिले व्यापक सबूत इस बात का संकेत देते हैं कि किसी भी अन्य रीढ़ वाले प्राणी की तरह ही मछलियों को भी संरक्षण दिए जाने की जरूरत है।"

यह शोध जर्नल एनिमल कॉग्निशन में प्रकाशित हुआ है। इसके मुताबिक मछलियों की अब तक ज्ञात 32,000 प्रजातियां अन्य रीढ़ वाले प्राणियों की तुलना में कहीं ज्यादा हैं, परंतु इनके संरक्षण की ओर आवश्यक ध्यान नहीं दिया गया है।