दिग्गजों की जमात में शामिल होने से चूके मेस्सी दिग्गजों की जमात में शामिल होने से चूके मेस्सी

अर्जेंटीना की विश्व कप फाइनल में जर्मनी के हाथों 1-0 से हार के कारण टूर्नामेंट के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी चुने गये लियोनेल मेस्सी दुनिया के दिग्गज फुटबालरों की जमात में अपनी जगह पक्की करने से चूक गये। इस 27 वर्षीय खिलाड़ी ने बार्सिलोना की तरफ से खेलते हुए अब तक लगभग हर खिताब जीता और रिकार्ड अपने नाम किया है लेकिन वह अपनी राष्ट्रीय टीम को विश्व चैंपियन नहीं बना पाया। उनके पास खेल के इतिहास में अपने लिये विशिष्ट स्थान बनाने का यह बेहतरीन मौका था। पेले, जिनेदिन जिदान और रोनाल्डो सभी ने फाइनल्स में निर्णायक गोल दागे जबकि डियगो माराडोना ने 1986 के विश्व कप में उस गोल की नींव रखी थी जिसने उनकी टीम को चैंपियन बनाया था लेकिन मारियो गोएट्जे के अतिरिक्त समय में किये गये गोल से मेस्सी का इस श्रेणी में शामिल होने का सपना टूट गया। मेस्सी के सामने दूसरे हाफ के शुरू में गोल करने का स्वर्णिम मौका था जब उनके सामने केवल जर्मन गोलकीपर मैनुएल नुएर था लेकिन उनका शाट बाहर चला गया।

गोएट्जे के गोल से जर्मनी ने रच दिया इतिहास गोएट्जे के गोल से जर्मनी ने रच दिया इतिहास

मारियो गोएट्जे के अतिरिक्त समय में किये गये गोल से जर्मनी कल रात यहां फाइनल में अर्जेंटीना को 1-0 से हराकर दक्षिण अमेरिका में विश्व कप फुटबाल का खिताब जीतने वाली पहली यूरोपीय टीम बन गयी। मैच के निर्धारित समय तक गोलरहित छूटने के बाद मरकाना स्टेडियम में 113वें मिनट में वह क्षण आया जब गोएट्जे ने गोल दागकर अर्जेंटीना के लाखों प्रशंसकों का दिल तोड़कर जर्मनी को खुशी से सरोबार कर दिया। इससे लियोनेल मेस्सी का डियगो माराडोना की बराबरी करने का सपना भी टूट गया। विश्व कप में सर्वाधिक 16 गोल करने वाले मिरोस्लोव क्लोस की जगह मैदान पर उतरे गोएट्जे ने एक अन्य स्थानापन्न खिलाड़ी आंद्रे शुर्ले के बायें छोर से दिये गये क्रास को अपनी छाती पर रोका और शानदार वॉली से उसे गोल तक पहुंचा दिया जिससे जर्मनी 24 साल के बाद फिर से विश्व चैंपियन बनने में सफल रहा।