सतपाल महाराज ने छोड़ी कांग्रेस, नरेंद्र मोदी का किया गुणगान

लोकसभा चुनाव से ठीक पहले कांग्रेस को एक और बड़ा झटका लगा है।

Updated: Mar 21, 2014, 04:22 PM IST

ज़ी मीडिया ब्यूरो

नई दिल्ली : लोकसभा चुनाव से पहले कांग्रेस को एक झटका देते हुए उत्तराखंड के शक्तिशाली नेता और लोकसभा सदस्य सतपाल महाराज कांग्रेस छोड़ भाजपा में शामिल हो गए। वह पिछले 20 साल से कांग्रेस के सदस्य थे।
भाजपा अध्यक्ष राजनाथ सिंह द्वारा यहां पार्टी मुख्यालय में उन्हें दल में शामिल करने की औपचारिकता पूरी किए जाने के बाद सतपाल महाराज ने गुजरात के मुख्यमंत्री की प्रशंसा करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री बनने पर नरेन्द्र मोदी ‘भारत को चीन से आगे ले जाएंगे।’ इस राजनीतिक और आध्यात्मिक नेता का नाम सतपाल सिंह रावत है लेकिन अपने प्रशंसकों में वह सतपाल महाराज के रूप से जाने जाते हैं।
सतपाल ने पार्टी में शामिल होने को लेकर खुशी जताई और कहा कि नरेंद्र मोदी से देश को उम्मीदें है। उन्होंने कहा कि अब हम सबको एकजुट होकर मोदी को प्रधानमंत्री बनाने के लिए प्रयास करना है। उन्होंने कहा कि मोदी को एक मौका दिया जाना चाहिए क्योंकि वह प्रधानमंत्री पद की योग्यता रखते हैं।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के शासनकाल में उत्तराखंड की उपेक्षा हुई। कांग्रेस की नीतियों के कारण देश बहुत पीछे चला गया। उनके कांग्रेस छोड़ने के पीछे कारण मुख्यमंत्री हरीश रावत के बीच की अनबन भी बताई जा रही है। उन्होंने कहा कि नरेन्द्र मोदी की अगुवाई में हम भाजपा को जीत से भी आगे ले जायेंगे।
उनकी पत्नी अमृता रावत उत्तराखंड विधानसभा में कांग्रेस की विधायक हैं। उत्तराखंड में सतपाल महाराज का अच्छा प्रभाव माना जाता है। सतपाल महाराज पिछले लोकसभा चुनाव में उत्तराखंड के पौड़ी चुनाव क्षेत्र से कांग्रेस के टिकट पर जीते थे।
बताया जाता है कि उत्तराखंड के गढवाल क्षेत्र से उम्मीदवारों के चयन में अपनी राय नहीं माने जाने से वह कांग्रेस आलाकमान से नाराज थे। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री हरीश रावत ने हाल ही में उनसे मुलाकात करके उन्हें मनाने का प्रयास किया लेकिन बात नहीं बनी। वह रावत के मुख्यमंत्री बनने से भी खुश नहीं थे। कहा जाता है कि वह खुद इस कुर्सी की इच्छा रखते थे।
(एजेंसी इनपुट के साथ)