डियर जिंदगी : ऐसे ‘दीपक’ जलाएं…

जिंदगी को रास्‍ता बनाना आता है, बस आप नाविक की तरह तूफान में पतवार थामे रहें.

डियर जिंदगी : ऐसे ‘दीपक’ जलाएं…

दीपावली की शुभकामना के साथ. दीये की जगमग के बीच हम इन ‘दीयों’ को रोशन कर सकें तो जिंदगी उदासी, डिप्रेशन और निराशा से हमेशा दूर रहेगी. जीवन में आशा का दीया पूरी शक्ति से हमें रोशनी बख्‍शता रहेगा…

  • जिंदगी को रास्‍ता बनाना आता है, बस आप नाविक की तरह तूफान में पतवार थामे रहें.
  • समय कैसा भी हो आप सबसे जरूरी हैं. आप हैं तो आसमां में तारे, समंदर में मौजें हैं.
  • कम से कम एक दोस्‍त हो, जिससे कुछ कहते हुए मन डरे न. उसके सामने सब उडेल सकें.
  • बड़े, बुजुर्ग हमारे साथ रहने के लिए हैं, अनाथालय में नहीं. उन्‍हें आदर, बच्‍चों को प्रेम दें.
  • मन के अंधेरे, दूसरों के लिए जमी मैल, अप्रिय याद को हर कोने में प्रेम की रोशनी फैला दें.

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सबसे जरूरी बात फिर दोहराता हूं... ‘बच्‍चे आपके हैं, आपके लिए नहीं.’ उनका जन्‍म आपके सपने पूरे करने के लिए नहीं, अपने सपने पूरे करने को हुआ है. किसी के सपने में बाधा मत बनिए, भले ही वह आपके बच्‍चे क्‍यों न हों. बाधा किसी को नहीं सुहाती.

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इसलिए, प्रेम करिए. बच्‍चों को ताजी हवा के झोंके दीजिए. बड़ों को वह आदर दीजिए, जिसे पाने का अरमान आप आंखों में संजो रहे हैं!

ईमेल dayashankar.mishra@zeemedia.esselgroup.com

पता : डियर जिंदगी (दयाशंकर मिश्र)

Zee Media,

वास्मे हाउस, प्लाट नं. 4, 

सेक्टर 16 A, फिल्म सिटी, नोएडा (यूपी)

(लेखक ज़ी न्यूज़ के डिजिटल एडिटर हैं)

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