IND vs SL: वनडे टीम में युवराज का सेलेक्शन खतरे में, मनीष पांडे को मिल सकता है मौका

एक पक्ष का यह भी मानना है कि 2019 विश्व कप को ध्यान में रखते हुए युवराज और रैना को अपनी उपयोगिता साबित करने का अंतिम मौका देना चाहिए. गेंदबाजी विभाग में रविचंद्रन अश्विन, रविंद्र जडेजा और मोहम्मद शमी को आराम दिए जाने की संभावना है.

ज़ी न्यूज़ डेस्क | अंतिम अपडेट: शनिवार अगस्त 12, 2017 - 09:41 PM IST
IND vs SL: वनडे टीम में युवराज का सेलेक्शन खतरे में, मनीष पांडे को मिल सकता है मौका
पिछले सात वनडे मैचों में युवराज सिंह सिर्फ 162 रन बना पाए हैं. (पीटीआई फाइल फोटो)

नई दिल्ली: कर्नाटक के प्रतिभावान बल्लेबाज मनीष पांडे की श्रीलंका के खिलाफ आगामी एकदिवसीय श्रृंखला के लिए भारत की सीमित ओवरों की टीम में वापसी की संभावना है जो अनुभवी युवराज सिंह के पास अपने अंतरराष्ट्रीय करियर को पटरी पर लाने का अंतिम मौका हो सकता है. अजिंक्य रहाणे को लेकर चयनकर्ताओं का रुख क्या रहता है यह भी देखना होगा. कप्तान विराट कोहली ने स्पष्ट कर दिया है कि वह आराम नहीं चाहते जिसके बाद बल्लेबाजी समूह में अधिक बदलाव की संभावना नहीं है.

चैंपियंस ट्रॉफी में शिखर धवन शीर्ष स्कोरर रहे थे, जबकि लोकेश राहुल को सभी प्रारूपों का खिलाड़ी माना जाता है और उन्होंने तीनों प्रारूपों में शतक जड़े हैं. रोहित शर्मा का टीम में जगह बनाना लगभग तय है, लेकिन यह देखना होगा कि पूरी तरह फिट और फॉर्म में होने के बावजूद चयनकर्ता राहुल को आराम देते हैं या नहीं. चयनकर्ता हालांकि अगर युवराज को बरकार रखने का फैसला करते हैं तो वेस्टइंडीज में मैन ऑफ द सीरीज रहाणे और सीमित मौकों पर ठीक ठाक प्रदर्शन करने वाले दिन दिनेश कार्तिक दोनों को टीम से बाहर किया जा सकता है. रोहित, पांडे और राहुल के टीम से बाहर होने पर रहाणे और कार्तिक को टीम में शामिल किया गया था.

टीम में युवराज सिंह के स्थान पर लंबे समय से सवाल उठ रहे हैं, लेकिन अपने पिछले सात एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैचों में बल्ले से और क्षेत्ररक्षण में खराब प्रदर्शन के बावजूद उन्हें कप्तान कोहली का समर्थन हासिल है. इन मैचों में युवराज सिर्फ 162 रन बना पाए और उन्हें सिर्फ एक बार गेंदबाजी सौंपी गई. पांडे चैंपियंस ट्रॉफी की टीम का हिस्सा थे लेकिन आईपीएल के दौरान लगी चोट के कारण उन्हें बाहर होना पड़ा. उन्होंने दक्षिण अफ्रीका में ए टीमों के टूर्नामेंट में वापसी के दौरान भारत ए की अगुआई करते हुए 307 रन बनाए और पांच मैचों में सिर्फ एक बार आउट हुए. अनुभवी सुरेश रैना ने भी नीदरलैंड में दो महीने अपनी फिटनेस पर काम किया है. वह चैंपियंस ट्रॉफी में स्टैंड बाई थे और टीम में स्थान के दावेदार हैं. उन्होंने हालांकि 2015 से कोई एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैच नहीं खेला है.

एक पक्ष का यह भी मानना है कि 2019 विश्व कप को ध्यान में रखते हुए युवराज और रैना को अपनी उपयोगिता साबित करने का अंतिम मौका देना चाहिए. गेंदबाजी विभाग में बदलाव दिख सकते हैं क्योंकि रविचंद्रन अश्विन, रविंद्र जडेजा और मोहम्मद शमी को आराम दिए जाने की संभावना है. स्पिन विभाग की जिम्मेदारी युजवेंद्र चहल, कुलदीप यादव और अक्षर पटेल को सौंपी जा सकती है. यॉर्कर विशेषज्ञ जसप्रीत बुमराह, मध्य क्रम के बल्लेबाज केदार जाधव और पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी की टीम में वापसी लगभग तय है. युवा विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत को टीम में जगह मिलने की उम्मीद है. चयनकर्ता की नजरें केरल के बासिल थंपी पर भी हैं, लेकिन ए टीम के दक्षिण अफ्रीका दौरे पर वह प्रभावित नहीं कर पाए.