ओडिशा के तटीय क्षेत्र में मतदान के बाद हिंसा, एक की मौत

ओडिशा में लोकसभा और विधानसभा चुनाव शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न होने के बाद राजनीतिक रूप से संवेदनशील तटीय क्षेत्र में हुई हिंसा में एक व्यक्ति की मौत हो गई। इस घटना के बाद केंद्रपाडा जिला प्रशासन को निषेधाज्ञा लागू करनी पड़ी जिससे जनसभाएं, रैलियां और विरोध-प्रदर्शन करने पर मनाही होगी।

Updated: Apr 19, 2014, 07:48 PM IST

भुवनेश्वर : ओडिशा में लोकसभा और विधानसभा चुनाव शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न होने के बाद राजनीतिक रूप से संवेदनशील तटीय क्षेत्र में हुई हिंसा में एक व्यक्ति की मौत हो गई। इस घटना के बाद केंद्रपाडा जिला प्रशासन को निषेधाज्ञा लागू करनी पड़ी जिससे जनसभाएं, रैलियां और विरोध-प्रदर्शन करने पर मनाही होगी।
औल विधानसभा क्षेत्र में एक झड़प में एक व्यक्ति की मौत और केंद्रपाडा जिला मुख्यालय में एक सरकारी कर्मी की पिटाई के बाद सीआरपीसी की धारा 144 के तहत प्रशासन ने निषेधाज्ञा लागू कर दी ।
केंद्रपाडा के जिलाधिकारी नितिन बी जावले ने संवाददाताओं को बताया, ‘‘निषेधाज्ञा पूरे जिले में 21 अप्रैल तक लागू रहेगी..।’’ जावले ने लोगों से भी कहा कि वे इलाके में शांति बनाए रखें।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (एएसपी) रमेश चंद्र मोहंती ने कहा कि शुक्रवार रात औल इलाके में सत्ताधारी बीजद और कांग्रेस के समर्थकों में झड़प हो गई। अर्जुन राउत नाम के एक बीजद समर्थक ने दम तोड़ दिया जबकि उसी पार्टी के चार कार्यकर्ता जख्मी हो गए।
इस बीच, शुक्रवार को विपक्षी पार्टियों के कार्यकर्ताओं ने मर्शाघई प्रखंड के बीडीओ की पिटाई कर दी थी। उनका आरोप था कि बीडीओ ईवीएम से छेड़छाड़ की कोशिश में थे। (एजेंसी)