पीएम मैल्कम टर्नबुल ने किया खुलासा, क्यों ऑस्ट्रेलिया ने कड़े किए सिटीज़न क़ानून

ऑस्ट्रेलिया के नागरिकता कानूनों में बड़े बदलाव करते हुए देश के प्रधानमंत्री मैल्कम टर्नबुल ने नए प्रार्थियों के लिए कड़ी अनिवार्यताओं का गुरुवार (20 अप्रैल) को खुलासा किया. इससे पहले विदेशी कर्मियों के लिए 457 वीजा कार्यक्रम रद्द किए गए थे.

Updated: Apr 20, 2017, 10:43 AM IST
पीएम मैल्कम टर्नबुल ने किया खुलासा, क्यों ऑस्ट्रेलिया ने कड़े किए सिटीज़न क़ानून
टर्नबुल ने जोर दिया कि आस्ट्रेलियाई नागरिकता एक ‘सौभाग्य की बात’’ है जिसे लेकर आभारी होना चाहिए. (फाइल फोटो)

मेलबर्न: ऑस्ट्रेलिया के नागरिकता कानूनों में बड़े बदलाव करते हुए देश के प्रधानमंत्री मैल्कम टर्नबुल ने नए प्रार्थियों के लिए कड़ी अनिवार्यताओं का गुरुवार (20 अप्रैल) को खुलासा किया. इससे पहले विदेशी कर्मियों के लिए 457 वीजा कार्यक्रम रद्द किए गए थे.

नए सुधारों के तहत, प्रार्थी कम से कम चार साल से स्थायी निवासी होना चाहिए और वह ‘ऑस्ट्रेलियाई मूल्यों’ को अपनाने को लेकर प्रतिबद्ध होना चाहिए। स्थायी निवासी होने संबंधी नई अनिवार्यता में मौजूदा अनिवार्यता से तीन साल अधिक समय है.

संभावित नागरिकों को अंग्रेजी भाषा की परीक्षा पास करनी होगी जो ज्यादातर महिलाओं एवं बच्चों के सम्मान पर केंद्रित होगी. इसके अलावा इसमें बाल विवाह, महिला खतना और घरेलू हिंसा जैसे मामले भी होंगे.

नागरिकता परीक्षा में कोई प्रार्थी अधिकतम तीन बार अनुत्तीर्ण रह सकता है. फिलहाल, परीक्षा को लेकर इस प्रकार की कोई सीमा नहीं है. इसके अलावा नागरिकता परीक्षा में नकल या कोई अन्य फर्जीवाड़ा करने वाले प्रार्थी अपने आप ही अनुत्तीर्ण कर दिए जाएंगे.

टर्नबुल ने इन बदलावों का जिक्र करते हुए जोर दिया कि ऑस्ट्रेलियाई नागरिकता एक ‘सौभाग्य की बात’’ है जिसे लेकर आभारी होना चाहिए.