LAC पर अगले माह संवाद कर सकते हैं भारत-चीन, डोकलाम पर छिड़ा था विवाद

विशेष प्रतिनिधि वार्ता का अगला दौर अगस्त में 73 दिन चले डोकलाम गतिरोध के सुलझने के बाद से सीमा मुद्दे पर भारत और चीन के बीच होने वाला पहला संवाद होगा.

ज़ी न्यूज़ डेस्क | Updated: Nov 10, 2017, 09:05 PM IST
LAC पर अगले माह संवाद कर सकते हैं भारत-चीन, डोकलाम पर छिड़ा था विवाद
भारत और चीन के बीच अबतक 19 दौर की बातचीत हो चुकी है. (फाइल फोटो)

बीजिंग: भारत और चीन सीमा मुद्दों के साथ ही अन्य द्विपक्षीय विषयों पर वार्ता के अगले दौर का आयोजन अगले महीने कर सकते हैं. सत्तारूढ़ कम्यूनिस्ट पार्टी के प्रमुख के तौर पर शी जिनपिंग के दूसरे कार्यकाल की शुरुआत के बाद से दोनों देशों के बीच यह पहला संवाद होगा. चीनी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता हुआ चुनयिंग ने मीडिया को शुक्रवार (10 नवंबर) को बताया कि भारत और चीन के विशेष प्रतिनिधियों के बीच सीमा वार्ता के 20वें दौर के साथ ही रूस, भारत और चीन (आरआईसी) के विदेश मंत्रियों की बैठक का अगला चरण भी 'उचित समय' पर आयोजित होगा. उन्होंने दोनों बैठकों की समय-तालिका देने से इंकार कर दिया.

हालांकि अधिकारियों ने कहा कि सीमा वार्ता और आरआईसी बैठक का आयोजन अगले महीने नयी दिल्ली में किया जा सकता है. 20वें चरण की सीमा वार्ता दोनों देशों के बीच 73 दिन तक चले डोकलाम गतिरोध के सुलझने के बाद होने वाली पहली वार्ता होगी. यह सीमा वार्ता राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल और चीन के स्टेट काउंसिलर यांग जियेची के बीच होगी. दोनों को विशेष प्रतिनिधि की जिम्मेदारी दी गई है.

उच्च पद प्राप्त इन दोनों अधिकारियों को द्विपक्षीय संबंधों से जुड़े सभी मुद्दों पर बातचीत करने का भी आदेश प्राप्त है. हुआ चुनयिंग ने मीडिया को बताया कि भारतीय और चीनी नेता दोनों ही सीमा मुद्दे को बहुत महत्त्व देते हैं और हमने इस मुद्दे को सुलझाने के लिए कई साल तक प्रयास किए हैं.

उन्होंने कहा, 'पिछली बैठक में विशेष प्रतिनिधियों ने विचारों का आदान प्रदान किया और सकारात्मक प्रगति की. अब यह प्रक्रिया बहुत अच्छे ढंग से संचालित हो रही है. इस साल की बैठक के लिए दोनों पक्ष उचित समय पर तारीख और समय तय करेंगे.' विशेष प्रतिनिधि वार्ता का अगला दौर अगस्त में सीमा मुद्दे पर भारत और चीन के बीच होने वाला पहला संवाद होगा.

अधिकारियों ने बताया कि दोनों पक्षों ने सीमा संवाद तंत्र के जरिए सीमा को लेकर चल रहे मतभेदों के प्रबंधन में संतुलित गति से प्रगति की है हालांकि एक समझौते पर पहुंचना अब भी बाकी है. हुआ ने इस बात का भी इशारा दिया कि आरआईसी बैठक का अगला चरण भी बहुत जल्द आयोजित होगा. उन्होंने कहा, 'हम इस तंत्र को बहुत अधिक महत्त्व देते हैं. मेरी सूचना के मुताबिक इस खास मुद्दे पर तीनों पक्ष बातचीत कर रहे हैं. इस बैठक के आयोजन के लिए हम भारत का समर्थन करते हैं.' 

डोकलाम के अलावा कई मुद्दे इस वार्ता में शामिल होंगे जिनमें 50 खरब अमेरिकी डॉलर के लागत वाले चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारा (सीपीईसी) पर दोनों देशों के मतभेदों पर भी बात होगी. इसके अलावा अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा घोषित नई दक्षिण एशिया नीति पर भी चर्चा हो सकती है. मीडिया से बात करते हुए हुआ ने फिलीपीन में आयोजित होने वाले पूर्व एशिया शिखर सम्मेलन में भारतीय और चीनी प्रधानमंत्रियों के बीच मुलाकात होने की कोई पुष्टि नहीं की. उन्होंने कहा, 'मुझे अभी तक इस बारे में कोई खास सूचना नहीं है.'

(इनपुट एजेंसी से भी)