close

खास खबरें सिर्फ आपके लिए...हम खासतौर से आपके लिए कुछ चुनिंदा खबरें लाए हैं. इन्हें सीधे अपने मेलबाक्स में प्राप्त करें.

अब क्रेडिट कार्ड यूज करने से पहले पढ़ लें यह खबर, कल से बदल रहा है यह नियम

Credit Card Payments : सरकार की तरफ से डिजीटल ट्रांजेक्शन को बढ़ावा दिए जाने के बाद क्रेडिट कार्ड (Credit Card) यूजर्स की संख्या में तेजी से इजाफा हुआ है. अगर आप भी अक्सर पेट्रोल पंप पर भुगतान या कही पर शॉपिंग के लिए अपने क्रेडिट कार्ड से भुगतान करते हैं तो यह खबर आपके लिए बहुत जरूरी है.

अब क्रेडिट कार्ड यूज करने से पहले पढ़ लें यह खबर, कल से बदल रहा है यह नियम

नई दिल्ली : सरकार की तरफ से डिजीटल ट्रांजेक्शन को बढ़ावा दिए जाने के बाद क्रेडिट कार्ड (Credit Card) यूजर्स की संख्या में तेजी से इजाफा हुआ है. अगर आप भी अक्सर पेट्रोल पंप पर भुगतान या कही पर शॉपिंग के लिए अपने क्रेडिट कार्ड से भुगतान करते हैं तो यह खबर आपके लिए बहुत जरूरी है. नए नियम के तहत पेट्रोल पंप पर पेट्रोल-डीजल (Petrol-Diesel) का भुगतान क्रेडिट कार्ड (Credit Card Payment) से करने पर मिलने वाली छूट अब नहीं मिलेगी. 1 अक्टूबर 2019 से तेल कंपनियों की तरफ से क्रेडिट कार्ड से भुगतान करने पर दी जाने वाली छूट बंद हो रही है. ढाई साल पहले पेट्रोल पंप पर डिजिटल मोड से पेमेंट करने पर ग्राहकों को 0.75 प्रतिशत का कैशबैक देने की सुविधा शुरू की गई थी.

बैंकों ने ग्राहकों को भेजा मैसेज
सरकार ने नोटबंदी के बाद डिजिटल ट्रांजेक्शन को बढ़ावा देने के लिए 0.75 प्रतिशत का कैशबैक देने की सुविधा शुरू की थी. एसबीआई (SBI), एचडीएफसी समेत कई बैंकों ने अपने ग्राहकों को भेजे गए टेक्सट मैसेज में बताया कि क्रेडिट कार्ड से भुगतान पर मिलने वाला 0.75 प्रतिशत कैशबैक की सुविधा 1 अक्टूबर से बंद हो जाएगी. मैसेज में यह भी लिखा है कि ऐसा पब्लिक सेक्टर ऑयल मार्केटिंग कंपनियों की तरफ से किया जा रहा है.

ई-वॉलेट से भुगतान पर मिलेगी सुविधा
साल 2016 में नोटबंदी के बाद सरकार ने इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिन्दुस्तान पेट्रोलियम कॉरपोरेशन जैसी बड़ी तेल कंपनियों से 0.75 प्रतिशत कैशबैक देने के लिए कहा था. यह डिस्काउंट क्रेडिट/ डेबिट कार्ड यूजर्स के साथ ही ई-वॉलेट से भुगतान करने वाले ग्राहकों को भी दिया जाता था. हालांकि अभी डेबिट कार्ड या ई-वॉलेट से भुगतान पर यह सुविधा मिलती रहेगी.

आपको बता दें तीनों तेल कंपनियों ने साल 2017-18 में तेल कंपनियों ने ई-पेमेंट डिस्काउंट और एमडीआर के रूप में कुल 1431 करोड़ रुपये का भुगतान किया है. वहीं 2018-19 में तेल कंपनियों ने 2000 करोड़ रुपये का भुगतान किया है.