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बजट सत्र 17 जून से होगा शुरू, 5 जुलाई को पेश होगा आम बजट

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 2019-20 का पूर्ण बजट लोकसभा में पांच जुलाई को पेश करेगी. 

बजट सत्र 17 जून से होगा शुरू, 5 जुलाई को पेश होगा आम बजट
पीएम नरेंद्र मोदी (फाइल फोटो - ani)

नई दिल्ली: मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का पहला बजट पांच जुलाई को पेश होगा. नवनियुक्त वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 2019-20 का पूर्ण बजट लोकसभा में पांच जुलाई को पेश करेगी. आम चुनावों के मद्देनजर चालू वित्त वर्ष का अंतरिम बजट फरवरी में तत्कालीन वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने पेश किया था.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने अपनी पहली बैठक में 17वीं लोकसभा का बजट सत्र सोमवार 17 जून से बुलाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी. यह सत्र शु्क्रवार 26 जुलाई 2019 तक चलेगा.

राज्यसभा का सत्र 20 जून को शुरू होगा और 26 जुलाई तक चलेगा. वित्त वर्ष 2019-20 का पूर्ण बजट पांच जुलाई को सुबह 11 बजे पेश किया जाएगा. 

इस सत्र में 19 जून को लोकसभा अध्यक्ष का भी चुनाव होगा. आधिकारिक बयान के अनुसार राष्ट्रपति से दोनों सदनों के संयुक्त सत्र को केंद्रीय कक्ष में 20 जून को संबोधित करने का आग्रह किया जाएगा.

मोदी सरकार को पहले दिन ही मिली आर्थिक मोर्चे पर मिली बुरी खबर
शपथ लेने के बाद नरेन्द्र मोदी सरकार के लिए शुक्रवार का पहला दिन आर्थिक मोर्चे पर बुरी खबर लेकर आया. केंद्रीय सांख्यिकी कार्यालय (सीएसओ) के अनुसार कृषि और विनिर्माण क्षेत्रों के खराब प्रदर्शन से 2018-19 की चौथी तिमाही में आर्थिक वृद्धि दर 5.8 प्रतिशत रही जो पांच साल में सबसे कम है. इससे भारत आर्थिक वृद्धि के मोर्चे पर चीन से पिछड़ गया.

राष्ट्रीय आय पर सीएसओ के आंकड़े के अनुसार वित्त वर्ष 2018-19 में पूरे साल के दौरान सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) की वृद्धि दर भी घटकर पांच साल के न्यूनतम स्तर 6.8 प्रतिशत (2011-12 की कीमतों पर) रही है. इससे पूर्व वित्त वर्ष में जीडीपी वृद्धि दर 7.2 प्रतिशत रही थी.

आर्थिक मामलों के सचिव सुभाष चंद्र गर्ग ने कहा है कि 6.8 प्रतिशत वार्षिक जीडीपी वृद्धि के आंकड़ों के लिहाज से भी भारत दुनिया में सबसे ऊंची वृद्धि हासिल करने वाला देश बना हुआ है. 

सीएसओ द्वारा जारी बेरोजगारी का 2017-18 का आंकड़ा भी चिंता बढ़ाने वाला है. सरकारी आंकड़ों के अनुसार देश में 2017- 18 में बेरोजगारी दर कुल उपलब्ध कार्यबल का 6.1 प्रतिशत रही जो पिछले 45 साल में सर्वाधिक है. आम चुनाव से पहले बेरोजगारी के आंकड़ों पर जो रिपोर्ट लीक हुई थी शुक्रवार को सरकारी आंकड़ों में उसकी पुष्टि हो गई.