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आम्रपाली ग्रुप के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग का मामला दर्ज, SC के आदेश का दिखा असर

ED के एक अधिकारी ने मंगलवार को कहा कि एजेंसी ने नोएडा पुलिस द्वारा दर्ज 16 एफआईआर के आधार पर एक जुलाई को मनी लॉड्रिंग का मामला दर्ज किया.

आम्रपाली ग्रुप के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग का मामला दर्ज, SC के आदेश का दिखा असर
फाइल फोटो.

नई दिल्ली: प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने आम्रपाली ग्रुप और उसके प्रमोटरों के खिलाफ मनी लॉड्रिंग का मामला दर्ज किया है, जो कथित तौर पर नोएडा और ग्रेटर नोएडा में 42,000 से अधिक खरीदारों को फ्लैट देने में विफल रहे हैं. अधिकारियों ने यह जानकारी मंगलवार को दी. ED के एक अधिकारी ने मंगलवार को कहा कि एजेंसी ने नोएडा पुलिस द्वारा दर्ज 16 एफआईआर के आधार पर एक जुलाई को मनी लॉड्रिंग का मामला दर्ज किया. अधिकारी ने कहा कि वित्तीय जांच एजेंसी समूह के प्रमोटरों से पूछताछ करने और उनकी संपत्ति का पता लगाने के लिए काम कर रही है, जिसे मनी-लॉड्रिंग विरोधी कानून के उल्लंघन के आरोपों के साथ संलग्न किया जा सकता है. अधिकारी ने कहा कि एजेंसी आने वाले दिनों में प्रमोटरों को पूछताछ के लिए बुलाएगी.

संयोग से, सुप्रीम कोर्ट ने भी प्रवर्तन निदेशालय को निर्देश दिया कि वह कंपनी, उसके सीईओ एवं प्रबंध निदेशक (सीएमडी) अनिल शर्मा, निदेशक शिव प्रिया और अजय कुमार के खिलाफ विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम व प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) के उल्लंघन के लिए मनी लॉड्रिंग का मामला दर्ज करे. अदालत का मानना है कि आम्रपाली समूह के शीर्ष प्रबंधन ने आवास परियोजनाओं को पूरा करने के बजाय अपनी व्यक्तिगत संपत्ति बनाने के लिए खरीदारों के पैसे को कहीं और निवेश किया.

अदालत ने कहा, "आम्रपाली समूह के शीर्ष प्रबंधन ने पैसे को विदेशों में बहा दिया. नोएडा और ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण परियोजना को आगे बढ़ाने में वह लापरवाही कर रहे थे." आम्रपाली ग्रुप के प्रमोटर अनिल शर्मा ने बिहार की जहानाबाद सीट से जनता दल-युनाइटेड (जद-यू) के टिकट पर 2014 का लोकसभा चुनाव लड़ा था.