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PNB महाघोटाले के बीच सरकार के लिए आई बड़ी खुशखबरी, आप भी जानें

हीरा कारोबारी नीरव मोदी और मेहुल चोकसी की तरफ से पीएनबी को 12,600 करोड़ रुपये का चूना लगाए जाने के बीच एक अच्छी खबर आई है.

PNB महाघोटाले के बीच सरकार के लिए आई बड़ी खुशखबरी, आप भी जानें

नई दिल्ली : हीरा कारोबारी नीरव मोदी और मेहुल चोकसी की तरफ से पीएनबी को 12,600 करोड़ रुपये का चूना लगाए जाने के बीच एक अच्छी खबर आई है. गुरुवार शाम के समय जारी किए गए आंकड़ों के अनुसार चालू वित्त वर्ष की अक्टूबर -दिसंबर तिमाही में सकल घरेलू उत्पाद (GDP) की वृद्धि दर 7.2 प्रतिशत रही. जबकि पिछली तिमाही में यह विकास दर 6.3 फीसदी रही थी. इस हिसाब से जीडीपी रेट में पिछली तिमाही के मुकाबले 0.9 फीसदी की बढ़त दर्ज की गई. वहीं पहली तिमाही में जीडीपी ग्रोथ 5.7 फीसदी रही थी.

जीएसटी लागू होने के बाद आई थी गिरावट
विकास दर में बढ़ोतरी के बाद सरकार ने वित्त वर्ष 2018 के लिए जीडीपी ग्रोथ का अनुमान 6.6 फीसद दिया था जो कि पहले 6.5 फीसद तय था. गौरतलब है कि जीएसटी लागू होने के बाद जीडीपी ग्रोथ में गिरावट देखने को मिल रही थी. चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में कृषि क्षेत्र में बड़ा सुधार देखने को मिला है. इस अवधि के दौरान कृषि ग्रोथ 1.7 से बढ़कर 4.1 फीसद रही. वहीं मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर की तीसरी तिमाही के दौरान मैन्युफैक्चरिंग ग्रोथ 8.1 प्रतिशत रही जो कि सालाना आधार पर पिछली बार 7 फीसदी रही थी.

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इससे पहले आर्थिक शोध संस्थान नेशनल काउंसिल ऑफ एप्लाइड इकोनॉमिक रिसर्च (एनसीएईआर) का अनुमान है कि चालू वित्त वर्ष 2017-18 में भारतीय अर्थव्यवस्था की सकल घरेलू उत्पाद (GDP) की वृद्धि दर 6.7 प्रतिशत रहेगी, जबकि 2018-19 में यह 7.5 प्रतिशत पर पहुंच जाएगी. एनसीएईआर का अनुमान इस साल की आर्थिक समीक्षा से मिलता जुलता है. आर्थिक समीक्षा में 2018-19 में आर्थिक वृद्धि दर 7 से 7.5 प्रतिशत रहने का अनुमान लगाया गया है.

चालू वित्त वर्ष में वृद्धि दर 6.75 प्रतिशत रहने का अनुमान आर्थिक समीक्षा में लगाया गया है. एक बयान में एनसीएईआर ने कहा था कि 2017-18 में वास्तविक कृषि सकल मूल्यवर्धन (GVA) की वृद्धि दर एक प्रतिशत रहेगी. उद्योग का जीवीए 5.2 प्रतिशत तथा सेवाओं का 8 प्रतिशत रहने का अनुमान लगाया गया है. बयान में कहा गया कि 2017-18 में थोक मूल्य सूचकांक आधारित मुद्रास्फीति 6.4 प्रतिशत रहने का अनुमान है. डॉलर मूल्य में निर्यात और आयात वृद्धि क्रमश: 12.8 प्रतिशत तथा 24.8 प्रतिशत रहने का अनुमान है.

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एनसीएईआर ने कहा कि चालू खाते का घाटा और राजकोषीय घाटा 2017-18 में क्रमश: शून्य से दो प्रतिशत नीचे और 3.5 प्रतिशत रहने का अनुमान है. शोध संस्थान ने कहा कि खरीफ खाद्यान्न का उत्पादन 13.98 करोड़ टन से 14.12 करोड़ टन रहने का अनुमान है. रबी खाद्यान्न का उत्पादन पिछले साल के उत्पादन के आसपास 13.7 करोड़ टन रहने का अनुमान है.