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Industries Growth Rate: मिनिस्ट्री ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री ने बुधवार को कहा कि भारत के आठ मुख्य इंडस्ट्रीज के कम्पोजिट इंडेक्टस की ग्रोथ रेट जुलाई में सालाना आधार पर 2 प्रतिशत रही है. आधिकारिक बयान में कहा गया कि स्टील, सीमेंट, फर्टिलाइजर और इलेक्ट्रिसिटी की ग्रोथ रेट जुलाई में पॉजिटिव रही है. इन आठ मुख्य इंडस्ट्रीज की इंडस्ट्रियल प्रोडक्शन इंडेक्स (IIP) में हिस्सेदारी 40.27 प्रतिशत है, जो कि देश की ओवरऑल इंडस्ट्रियल ग्रोथ का मुख्य सूचकांक है.
जून के लिए आठ मुख्य इंडस्ट्रीज की अंतिम विकास दर 2.2 प्रतिशत रही है. वहीं, अप्रैल-जुलाई में यह आंकड़ा सालाना आधार पर 1.6 प्रतिशत रहा है. सूचकांक में 17.92 प्रतिशत भार वाले स्टील प्रोडक्शन ने जुलाई में पिछले साल की इसी अवधि की तुलना में 12.8 प्रतिशत की मजबूत ग्रोथ दर्ज की, जो सरकार द्वारा संचालित बड़ी इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट की बढ़ती मांग के कारण संभव हुआ. अप्रैल से जुलाई, 2025-26 के दौरान स्टील का संचयी सूचकांक पिछले वर्ष की इसी अवधि की तुलना में 8.5 प्रतिशत बढ़ा है.
बड़े बेसिक इंफ्रास्ट्रक्चर और कंस्ट्रक्शन प्रोजेक्ट में मांग बढ़ने से सीमेंट प्रोडक्शन में भी जुलाई में 11.7 प्रतिशत की ग्रोथ दर्ज की गई. फाइनेंशियल ईयर 2025-26 की अप्रैल से जुलाई की अवधि के दौरान इसका संचयी सूचकांक पिछले वर्ष की इसी अवधि की तुलना में 8.9 प्रतिशत बढ़ा है. अच्छे मानसून के कारण खरीफ बुवाई के मौसम में तेजी आने से जुलाई में फर्टिलाइजर उत्पादन में पिछले वर्ष की इसी अवधि की तुलना में 2 प्रतिशत की वृद्धि हुई.
इस महीने के दौरान बिजली उत्पादन में 0.5 प्रतिशत की वृद्धि हुई, लेकिन भारी मानसून के कारण कोयला उत्पादन में 12.3 प्रतिशत की गिरावट आई. इसी तरह, जुलाई में कच्चे तेल और प्राकृतिक गैस का उत्पादन पिछले वर्ष के इसी महीने की तुलना में क्रमशः 1.3 प्रतिशत और 3.2 प्रतिशत कम रहा. पेट्रोलियम रिफाइनरी उत्पादन में भी इस महीने 1 प्रतिशत की गिरावट आई.