हांगकांग में हो रहा विद्रोह; सूरत में हीरा कारोबार पर पड़ रहा प्रभाव, जानिए क्या है वजह

सूरत के डायमंड कारोबार पर मंदी की मार अब तक पीछा नहीं छोड़ रही है. 

हांगकांग में हो रहा विद्रोह; सूरत में हीरा कारोबार पर पड़ रहा प्रभाव, जानिए क्या है वजह
हांगकांग में हो रहा विद्रोह.(फाइल फोटो)

गुजरात: सूरत के डायमंड कारोबार पर मंदी की मार अब तक पीछा नहीं छोड़ रही है. डायमंड व्यापारियों को साल भर त्योहारों पर चली मंदी के बाद क्रिसमस के त्यौहार को लेकर कुछ उम्मीदें बाकि थी जो की अब उम्मीद पूरी तरह ख़त्म हो गयी है. और डायमंड का कारोबार 10 से 20 प्रतिशत तक ही हो पाया है. इसका कारण है हॉगकॉग में हो रहा विद्रोह. हॉगकॉग में लम्बे समय से चल रहे आंदोलन की वजह से कुछ महीनो से कई उद्योग ठप पड़ गए है. और उसका बुरा असर डायमंड उद्योग पर भी पड़ रहा है. दीपावली के बाद अब क्रिसमस पर भी दयानद की खरीदी नहीं होने की वजह से डायमंड उद्योग में निराशा का दौर चल रहा है.

सूरत के डायमंड मार्केट का सबसे बड़ा मार्केट चाइना ,हॉंकॉंग माना जाता है. लेकिन हॉंकॉंग में आंदोलनकारियों द्वारा लगातार विद्रोह के चलते चीन और हॉंकॉंग में व्यापार के लिए पूरी तरह अस्थिरता का माहौल है इस वजह से सूरत के डायमंड उद्योग से किसी भी तरह के ऑर्डर हॉंकॉंग से नहीं आ रहे है. इसकी सीधी मार सूरत के डायमंड व्यापारियों पर पड़ रही है.

सूरत के व्यापारियों को यह आशा थी की क्रिसमस के समय डायमंड उधोग पर आयी मंदी की मार हट जाएगी और उधोग पर से परेशानियों के बदल छट जायेंगे पुरानी  रौनक फिर से लौट आएगी . लेकिन ऐसा नहीं हुआ है और अब डायमंड के व्यापारियों ने फिर से निराशा का माहौल देखने मिल  रहा है. हॉंकॉंग में चल रहे आंदोलन के कारण छोटे उद्योग निर्जीव से हो गए है.

खासकर सूरत से हॉंकॉंग और चाइना एक्सपोर्ट होने वाले पॉलिश्ड डायमंड की ख़रीददारी पर ब्रेक लग गया है. अमरीका के बाद चाइना और हॉंकॉंग सबसे ज्यादा सूरत से पॉलिश्ड डायमंड का व्यापार होता है. पहले से अमरीका और चाइना में ट्रेड वॉर चल रहा है. इसकी मार तो डायमंड कारोबार पर पद ही रही थी लेकिन अब हॉंकॉंग में हो रहे विद्रोह की दोहरी मार भी इस उद्योग पर पड़ती नजर आ  रही है.

लगभग 45 प्रतिशत डायमंड का व्यापार सूरत से चाइना और हॉंकॉंग के साथ होता है. लेकिन पिछले कुछ महीनो से चल रही हॉंकॉंग की अस्थिरता के कारण वहां के एयरपोर्ट और उद्योग बंद है इस वजह से डायमंड का निर्यात 10 से 20 प्रतिशत रह गया है सूरत के लिए हॉंकॉंग बड़ा और महत्वपूर्ण मार्केट है लेकिन आंदोलन की वजह से काफी डायमंड की खेप एयरपोर्ट पर ही फ्रिज हो गया है.

दीपावली के पहले डायमंड उद्योग की परिस्थिति अच्छी नहीं थी दीपावली के समय भी डायमंड की खरीददारी डायमंड व्यापारियों की अपेक्षा के हिसाब से काफी कम रही थी. लेकिन व्यापारी आस लगाए बैठे थे की अमरीका ,चयन ,हॉंकॉंग में क्रिसमस की वजह से डायमंड की मांग बढ़ेगी  खरीदारी होगी लेकिन व्यापारियों की आस पर पानी फिर गया है दीपावली वेकेशन के बाद छोटे और बड़े 50 प्रतिशत कारखाने डायमंड की डिमांड नहीं होने की वजह से अब तक खुले ही नहीं है वही एक साल में बड़ी मात्रा में डायमंड के कारीगर बेरोजगार हो चुके है. और कई कारीगर बेरोजगारी की वजह  कर चुके है