Tata बनाम सायरस मिस्त्री मामला: कंपनी ने खटखटाया सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा

नई दिल्ली, Tata sons टाटा संस बनाम सायरस मिस्त्री का मामला थमता नजर नहीं आ रहा है. टाटा संस ने सायरस मिस्त्री को कंपनी के चेयरमैन के तौर पर बहाल किए जाने के फैसले के खिलाफ गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट का रुख किया. कंपनी ने नेशनल कंपनी लॉ अपीलाट ट्रिब्यूनल (एनसीएलएटी) के निर्णय पूर्ण आदेश को चुनौती दी और नौ जनवरी को होने वाली टीसीएस की बोर्ड की बैठक को देखते हुए इसे स्थगित करने की मांग की.

Tata बनाम सायरस मिस्त्री मामला: कंपनी ने खटखटाया सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा
रतन टाटा (फाइल फोटो)

नई दिल्ली, Tata sons टाटा संस बनाम सायरस मिस्त्री का मामला थमता नजर नहीं आ रहा है. टाटा संस ने सायरस मिस्त्री को कंपनी के चेयरमैन के तौर पर बहाल किए जाने के फैसले के खिलाफ गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट का रुख किया. कंपनी ने नेशनल कंपनी लॉ अपीलाट ट्रिब्यूनल (एनसीएलएटी) के निर्णय पूर्ण आदेश को चुनौती दी और नौ जनवरी को होने वाली टीसीएस की बोर्ड की बैठक को देखते हुए इसे स्थगित करने की मांग की.

पिछले महीने की मिस्त्री को बहाल किया था NCLAT ने
तीन साल पहले बड़े ड्रामे के बाद साइरस मिस्त्री को टाटा ग्रुप के चेयमैन पद से हटा दिया गया था. लेकिन दिंसबर महीने में नेशनल कंपनी लॉ अपीलेट ट्रिब्यूनल (NCLAT) ने साइरस मिस्त्री को टाटा संस के कार्यकारी चेयरमैन के पद पर बहाल करने का ऑर्डर दिया था. न्यायाधिकरण ने एन चंद्रा की नियुक्ति को कार्यकारी अध्यक्ष के रूप में अवैध ठहराया था. टाटा के वकीलों ने इस मामले पर तत्काल सुनवाई की मांग की है. सुप्रीम कोर्ट हालांकि छह जनवरी को खुलेगा. इसके बाद ही इस मामले में सुनवाई शुरू हो पाएगा. 

बताते चलें कि 2016 में सायरस मिस्त्री को टाटा सन्स के चेयरमैन पद हटाया गया था. दो महीने बाद मिस्त्री की ओर से सायरस इन्वेस्टमेंट प्राइवेट लिमिटेड और स्टर्लिंग इन्वेस्टमेंट कॉर्प ने टाटा सन्स के फैसले को नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (एनसीएलटी) की मुंबई बेंच में चुनौती दी थी. कंपनियों की दलील थी कि मिस्त्री को हटाने का फैसला कंपनीज एक्ट के नियमों के मुताबिक नहीं था.