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Railway ने बनाया सबसे तेज रफ्तार वाला इंजन, रेल मंत्री ने खुद शेयर किया वीडियो

भारतीय रेलवे (Indian Railway) की तरफ से करोड़ों यात्रियों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए लगातार इंफ्रास्ट्रक्चर में कोई न कोई अपडेट किया जा रहा है.

Railway ने बनाया सबसे तेज रफ्तार वाला इंजन, रेल मंत्री ने खुद शेयर किया वीडियो

नई दिल्ली : भारतीय रेलवे (Indian Railway) की तरफ से करोड़ों यात्रियों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए लगातार इंफ्रास्ट्रक्चर में कोई न कोई अपडेट किया जा रहा है. साल की शुरुआत में इंजन लैस हाईस्पीड ट्रेन 'वंदे भारत' को शुरू करने के बाद कुछ दिन पहले ही रेलवे की तरफ से दिल्ली-मुंबई और दिल्ली-हावड़ा रूट पर 160 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से ट्रेनों के संचालन की योजना को मंजूरी दी गई. इसी कड़ी में अब इंडियन रेलवे की तरफ से 180 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ने वाला इंजन तैयार किया गया है.

प्रीमियम ट्रेनों की गति में होगा इजाफा
हाई-स्पीड लोकोमोटिव इंजन तैयार होने से राजधानी और शताब्दी जैसी प्रीमियम ट्रेनों की गति में इजाफा होगा और यात्रियों को गंतव्य पर पहुंचने में कम समय लगेगा. यह इंजन पूरी तरह से देश में निर्मित है. सरकार की तरफ से बताया गया कि इस इंजन को पश्चिम बंगाल स्थित चितरंजन लोकोमोटिव वर्क्स फैक्ट्री में तैयार किया गया है. रेल मिनिस्ट्री की तरफ से बताया गया कि नए लोकोमोटिव इंजन से राजधानी, शताब्दी और दुरंतो जैसी प्रीमियम ट्रेनों का अब और अधिक गति से संचालन किया जा सकेगा.

मेक इन इंडिया के तहत तैयार किया इंजन
रेल मंत्री पीयूष गोयल ने ट्वीट कर बताया 'इस लोकोमेटिव इंजन को मेक इन इंडिया के तहत तैयार किया गया है. इससे ट्रेनों को वह गति हो जाएगी, जो अब तक नहीं थी. चितरंजन लोकोमोटिव वर्क्स (CLW) ने इंजन को मार्च 2019 में ही तैयार किया था. इसे छह महीने बाद अब टास्क सौंपा गया है. इंजन के बारे में जानकारी देते हुए रेल मंत्री इसका वीडियो भी शेयर किया है. इस वीडिया में इंजन के स्पीडो मीटर की सुई 180 किमी प्रति घंटा पर दिखाई दे रही है.

देशभर में ट्रेनों की औसत गति बढ़ाने पर काम हो रहा
इस हाई-स्पीड इंजन को सरकार के उस मिशन के तहत तैयार किया गया है, जिसमें सरकार देश में ट्रेनों की गति बढ़ाने पर काम कर रही है. 'मिशन रफ्तार' के तहत रेलवे की तरफ से रेलवे की तरफ से देशभर में ट्रेनों की औसत गति बढ़ाने पर काम किया जा रहा है. आपको बता दें अभी शताब्दी एक्सप्रेस की अधिकतम रफ्तार 155 किमी प्रतिघंटा है. इस इंजन के आने से इस गति में इजाफा किया जा सकेगा.

दिल्ली-मुंबई और दिल्ली हावड़ा रूट पर 160 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से ट्रेनों के संचालन को मंजूरी मिलने के बाद माल गाड़ियों की रफ्तार दोगुनी हो सकेगी, जबकि यात्री गाड़ियों की गति में भी 60 प्रतिशत तक का इजाफा हो सकेगा.