महाराष्‍ट्र: नॉन-रेड जोन जिलों में शुरू हो सकती है शूटिंग, सरकार ने बॉलीवुड से मांगा प्‍लान

महाराष्ट्र सरकार ने फिल्मों की शूटिंग शुरू करने को लेकर बॉलीवुड से प्लान मांगा है और फिल्मों की शूटिंग शुरु करने पर विचार किये जाने का संकेत दिया है.

महाराष्‍ट्र: नॉन-रेड जोन जिलों में शुरू हो सकती है शूटिंग, सरकार ने बॉलीवुड से मांगा प्‍लान

मुंबई: महाराष्ट्र सरकार ने फिल्मों की शूटिंग शुरू करने को लेकर बॉलीवुड से प्लान मांगा है और फिल्मों की शूटिंग शुरू करने पर विचार किये जाने का संकेत दिया है. हालांकि सरकार ने सोशल डिस्टेंसिंग का सख्‍ती से पालन करने की शर्त पर यह अनुमति देनी की बात कही है. 

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री ने मराठी फिल्मों के कलाकारों और फिल्म निर्माताओं से लॉकडाउन के दौरान फिल्म इंडस्ट्रीज पर आए असर पर बात की. महाराष्ट्र सरकार ने कहा कि "अगर सोशल डिस्टेंसिंग और अन्य नियमों का सख्‍ती से पालन करते हुए सीमित रूप से फ़िल्माने का काम या फ़िल्म निर्माण के बाद की प्रक्रिया शुरु की जा सकती है तो इस संदर्भ में राज्य सरकार को कार्य योजना बनाकर दें. इस पर सरकार की तरफ से विचार किया जा सकता है."

बता दें कि महाराष्ट्र में लॉकडाउन को सख्ती से लागू किया गया है और बॉलीवुड पर इसका खासा असर हुआ है. फिल्मों की शूटिंग ठप्प हो गई है. फिल्म शूटिंग सेट्स और  स्टूडियो पर ताले जड़े हुये हैं. बॉलीवुड के शहंशाह अमिताभ बच्चन से लेकर इण्‍डस्‍ट्री के बादशाह शाहरुख खान समेत तमाम अभिनेता जैसे अक्षय कुमार,  सलमान खान, आमिर खान, रणबीर सिंह की फिल्मों की शूटिंग बंद हैं. इण्‍डस्‍ट्री को इससे करोड़ों रुपए का नुकसान हो रहा है. 

मुंबई में कोरोना वायरस संक्रमण तेजी से फैला है. लेकिन अब महाराष्ट्र सरकार फिल्मों की शूटिंग शुरू करने को लेकर सोच-विचार करने के मूड में नजर आ रही है.  बुधवार को मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने महाराष्ट्र में मनोरंजन उद्योग के निर्माताओं और अभिनेताओं के साथ बातचीत की. खासकर मराठी फिल्म, नाटक और श्रृंखला के निर्माता और अभिनेताओं से.  

बैठक में प्रख्यात निर्माता और कलाकार जिसमें सुबोध भावे, आदेश बांदेकर , सांसद डॉ. अमोल कोल्हे, फिल्म कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष मेघराज राजे भोसले, प्रसाद कांबली, निखिल साने, नितिन वैद्य, सुनील फडटारे, केदार शिंदे अतुल परचुरे, अवधूत गुप्ते, मंगेश कुलकर्णी, रवि जाधव, विजू माने, राहुल देशपांडे, अजयपांडे, केदार शिंदे, सुकन्या मोने, पुष्कर श्रोत्रिय, हेमंत धोमे, प्रशांत दामले, सुभाष नाकसे, प्रसाद महाडकर, शरद पोंकशे, विद्याधर पठारे आदि मौजूद रहे. 

इस अवसर पर, सभी कलाकारों और निर्माताओं ने मुख्यमंत्री को आश्वासन दिया कि वे अपने प्रयासों से उनका पूरा समर्थन करेंगे. महाराष्ट्र में मनोरंजन उद्योग बहुत बड़ा है. इसके जरिए जीविकोपार्जन करने वाले बड़े और छोटे कलाकारों के अलावा तकनीशियन, बैकस्टेज कलाकार, श्रमिकों आदि का भी एक बड़ा वर्ग है.  

फिल्मकारों ने बताया कि कोरोना के कारण 110 टीवी सीरियल्स जैसे 70 हिंदी, 40 मराठी और 10 ओटीटी की शूटिंग रोक दी गई है और कोरोना के कारण 3 लाख कर्मचारी और टेकनीशियन प्रभावित हुए हैं. हर साल 30,000 एपिसोड का प्रोडक्शन किया जाता है. उन्होंने कहा कि हिंदी सीरियल में 5,000 करोड़ रुपये का निवेश किया गया है.  

उत्पादकों को असुरक्षित ऋण के साथ-साथ कम ब्याज पर ऋण, एक स्क्रीन सिनेमाघरों को बचाने, गरीब संगीतकारों की मदद करने, मराठी फिल्मों को सब्सिडी देने, फिल्म निर्माण पर जीएसटी माफ करने, सांगली-कोल्हापुर में फिल्म शुटिंग की अनुमति देने जैसी कई मांग की गईं हैं.

 कुछ लोगों ने यह भी कहा है कि आगामी गणपति उत्‍सव और  विभिन्न कार्यक्रमों में शारीरिक दूरी के नियमों का पालन करके, मास्क पहनकर इनके आयोजन की अनुमति दी जानी चाहिए, ताकि नुकसान की कुछ हद तक भरपाई हो सके.