Who is Nitin Nabin: बीजेपी ने एक बार फिर 'सरप्राइज फैक्टर' से देश को चौंका दिया है. पार्टी ने बिहार सरकार में मंत्री नितिन नबीन को राष्ट्रीय अध्यक्ष नियुक्त किया है. यह कोई पहली बार नहीं है, जब इस तरह लोगों को चौंकाया गया हो. इससे पहले भी पार्टी इस तरह के फैसले लेती रही है.
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Nitin Nabin BJP National Working President News: मोदी-शाह के नेतृत्व वाली बीजेपी ने एक बार फिर अपने 'सरप्राइज फैक्टर' से लोगों को चौंका दिया है. पार्टी ने शनिवार को कुर्मी नेता पंकज चौधरी को यूपी प्रदेश अध्यक्ष घोषित कर लोगों को चौंकाया था. वहीं रविवार को इससे भी बड़ा ऐलान करते हुए बिहार सरकार में मंत्री नितिन नबीन को पार्टी का राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष घोषित किया गया. पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं के लिए यह खबर बहुत चौंकाने वाली रही. इसकी वजह ये है कि बिहार के बाहर देश की राजनीति में वे इतने चर्चित नाम नहीं थे.
कौन हैं नितिन नबीन, जो बने बीजेपी के कार्यकारी अध्यक्ष?
नितिन नबीन 45 वर्ष के हैं और वे कायस्थ समुदाय से संबंध रखते हैं. उनके पिता नवीन किशोर सिन्हा भी बीजेपी नेता रहे हैं. वे बांकीपुर से 4 बार के जीते विधायक हैं. हाल में बिहार असेंबली चुनाव में जीत हासिल करने के बाद वे राज्य सरकार में सड़क निर्माण मंत्री बनाए गए हैं. उन्हें सरल-सौम्य और कार्यकर्ताओं के साथ मधुर संबंध रखने वाला नेता माना जाता है. छत्तीसगढ़ असेंबली चुनाव में उन्हें पार्टी प्रभारी बनाया गया था, जहां पर बीजेपी ने बंपर जीत हासिल की. माना जा रहा है कि पार्टी ने इसी जीत का इनाम उन्हें राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बनाकर दिया है.
नितिन नबीन ने कर्मठ कार्यकर्ता के रूप में पहचान बनाई- पीएम मोदी
नितिन नबीन को पार्टी का कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाए जाने पर पीएम मोदी ने भी उन्हें बधाई दी है. पीएम ने एक्स पर पोस्ट करके कहा, 'नितिन नबीन जी ने एक कर्मठ कार्यकर्ता के रूप में अपनी विशिष्ट पहचान बनाई है. वे एक युवा और परिश्रमी नेता हैं, जिनके पास संगठन का अच्छा-खासा अनुभव है. बिहार में विधायक और मंत्री के रूप में उनका कार्य बहुत प्रभावी रहा है, साथ ही जनआकांक्षाओं को पूरा करने के लिए उन्होंने पूरे समर्पण भाव से काम किया है. वे अपने विनम्र स्वभाव के साथ जमीन पर काम करने के लिए जाने जाते हैं. मुझे पूरा विश्वास है कि उनकी ऊर्जा और प्रतिबद्धता आने वाले समय में हमारी पार्टी को और अधिक सशक्त बनाएगी. भाजपा के कार्यकारी अध्यक्ष बनने पर उन्हें हार्दिक बधाई.'
Shri Nitin Nabin Ji has distinguished himself as a hardworking Karyakarta. He is a young and industrious leader with rich organisational experience and has an impressive record as MLA as well as Minister in Bihar for multiple terms. He has diligently worked to fulfil people’s…
— Narendra Modi (@narendramodi) December 14, 2025
पहले भी फैसलों से चौंकाती रही है पार्टी
ऐसा नहीं है कि बीजेपी ने पहली बार इस तरह का चौंकाने वाला फैसला लिया हो. अगर आप पिछले कुछ सालों में बीजेपी के बड़े फैसलों पर नजर डालें तो आपको इस तरह का लंबा ट्रेंड नजर आएगा. मोदी-शाह के नेतृत्व में बीजेपी अक्सर ऐसे फैसले करती रही है, जिसके बारे में लोग सोच भी नहीं सकते.
बीजेपी के नए कार्यकारी अध्यक्ष का ऐलान... बिहार सरकार में मंत्री नितिन नबीन को मिली बड़ी जिम्मेदारी
मध्य प्रदेश चुनाव में बंपर जीत के बाद पार्टी ने तत्कालीन सीएम शिवराज सिंह को न दोहराते हुए मोहन यादव को सीएम बनाया. राजस्थान में जब जीत हुई तो वसुंधरा राजे सिंधिया की दावेदारी को नकारकर भजनलाल को मुख्यमंत्री पद की कुर्सी सौंप दी गई. इसी परंपरा को आगे बढ़ाते हुए पार्टी ने छत्तीसगढ़ चुनाव जीतने पर राज्य के कद्दावर नेता रमन सिंह के बजाय विष्णु देव साय को सीएम घोषित कर दिया गया.
पार्टी के इन फैसलों ने दिखाया सरप्राइज फैक्टर
चौंकाने का यह क्रम यहीं तक नहीं रुका. पार्टी ने लगातार 25 साल से ओडिशा में शासन कर रहे नवीन पटनायक को सत्ता हटाकर जीत हासिल की तो फिर इसी फैक्टर का इस्तेमाल किया. मोदी-शाह ने राज्य से जुड़े धर्मेंद्र प्रधान जैसे चर्चित नेता के बजाय आदिवासी नेता मोहन चरण मांझी को राज्य का नया मुख्यमंत्री बना दिया. अब नितिन नबीन के रूप में पार्टी ने इस साल का आखिरी सरप्राइज अपने नेताओं और कार्यकर्ताओं को दे दिया है.
बीजेपी के इस फैसले के मायने समझिए
अब आपको इस फैसले के मायने समझने चाहिए. चूंकि नितिन नबीन की उम्र केवल 45 साल है और देश के 65 प्रतिशत आबादी युवा है. ऐसे में नितिन के जरिए पार्टी ने खुला संदेश दिया है कि वह केवल युवाओं की बात ही नहीं करती बल्कि उन्हें राजनीति में आगे बढ़ाने में भी कोई संकोच नहीं करती.
इस फैसले के जरिए पार्टी ने यह भी मैसेज दिया है कि वह अखिल भारतीय स्तर की पार्टी है और उसे अपना सर्वोच्च पद बिहार जैसे विकासशील राज्य के नेताओं को भी देने में कोई गुरेज नहीं होता. तीसरा, नितिन नबीन ने चुपचाप काम करते हुए छत्तीसगढ़ असेंबली चुनाव में जोरदार जीत दिलाई थी. अब नितिन को बड़ा पद देकर पार्टी ने स्पष्ट कर दिया है कि वह अपने कार्यकर्ताओं को कभी भूलती नहीं है.