महाराष्ट्र में ओवैसी को उद्धव सरकार ने दिया तगड़ा झटका, जानें क्यों नहीं करने दी रैली

आपको बता दें कि उत्तर-पूर्वी दिल्ली में हुई हिंसा के बाद महाराष्ट्र समेत कई राज्यों में अलर्ट जारी कर दिया गया है. इसी के चलते महाराष्ट्र सरकार ने भिवंडी में आज होने जा रही ओवैसी की रैली पर रोक लगा दी है.

महाराष्ट्र में ओवैसी को उद्धव सरकार ने दिया तगड़ा झटका, जानें क्यों नहीं करने दी रैली
फाइल फोटो.

मुंबई: AIMIM के मुखिया असदुद्दीन ओवैसी (Asaduddin Owaisi) को महाराष्ट्र में रैली करने की इजाजत नहीं दी गई है. जिसके चलते आज मुंबई से सटे भिवंडी इलाके में होने वाली उनकी रैली को रद्द कर दिया गया है. दरअसल, नागरिकता कानून के खिलाफ देशभर में जारी आंदोलनों में असदुद्दीन ओवैसी भी बढ़ चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं. ओवैसी अपने लोकसभा क्षेत्र हैदराबाद के साथ-साथ दक्षिण के कई शहरों समेत महाराष्ट्र में इस कानून के खिलाफ सभाएं कर रहे हैं. इधर, दिल्ली में माहौल बिगड़ने की वजह से आज मुंबई के पास भिवंडी में होने जा रही उनकी सभा को ठाकरे सरकार ने परमिशन नहीं दी. अब कहा जा रहा है कि ओवैसी की ये सभा मार्च के दूसरे हफ्ते में होगी. 

आपको बता दें कि उत्तर-पूर्वी दिल्ली में हुई हिंसा के बाद महाराष्ट्र समेत कई राज्यों में अलर्ट जारी कर दिया गया है. इसी के चलते महाराष्ट्र सरकार ने भिवंडी में आज होने जा रही ओवैसी की रैली पर रोक लगा दी है. भिवंडी में ये रैली शाम 6 बजे होने वाली थी. 

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आपको बता दें कि, AIMIM के नेता वारिस पठान ने बीती 15 फरवरी को कर्नाटक के गुलबर्गा में 'नागरिकता संशोधन कानून' के खिलाफ रैली में शाहीन बाग में जारी प्रदर्शन पर भड़काऊ बयान देते हुए कहा था कि "वे कहते हैं कि हमने महिलाओं को आगे कर दिया है लेकिन ध्‍यान रखना कि अभी तक केवल शेरनियां ही बाहर आई हैं और आप पसीना बहा रहे हैं. इससे आप समझ सकते हैं कि यदि हम सभी बाहर निकल आए तो क्‍या होगा. हम 15 करोड़ हैं लेकिन 100 करोड़ के ऊपर भारी हैं."

इस बयान के बाद वारिस पठान की काफी आलोचना हुई. इसके बाद पठान ने मुंबई के बांद्रा इलाके में प्रेस कॉन्फ्रेंस करके अपने विवादित बयान पर सफाई पेश की. उन्होंने कहा कि मीडिया में मेरे बयान का गलत मतलब निकाला गया. उन्होंने कहा, "15 करोड़ मुसलमान भारी का मतलब ये नहीं है कि मैं अपने हिंदू भाइयों के खिलाफ हूं. मेरे कहने का मतलब ये था कि नागरिकता कानून के खिलाफ 15 करोड़ लोग भारी हैं. मेरे खिलाफ कुछ लोग गलत तरीके से बयानबाजी कर रहे हैं.''

पठान ने आगे कहा, "मैं देश का सच्चा मुसलमान हूं, देशभक्त हूं. मैं अपने हिंदू भाइयों के खिलाफ नहीं हूं. न मेरा इरादा किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचने का है. फिर भी मेरे शब्द से किसी को कोई ठेस पहुंची हो तो मैं अपने शब्द वापस लेता हूं." 

इसके बाद बीजेपी ने मांग की है कि दिल्ली हिंसा के मद्देनजर भड़काऊ भाषण देनेवाले नेताओं की रैली को महाराष्ट्र पुलिस परमिशन ना दे.

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