'नीतीश को अमित शाह सही समय पर देंगे झटका, PM मोदी से खाने की थाली छीनना भूली नहीं BJP'

मांझी ने कहा कि मैं एक बात की भविष्यवाणी करता हूं कि गृह मंत्री अमित शाह (Amit Shah) लाख स्पष्ट करें कि नीतीश कुमार (Nitish Kumar) के साथ उनका उनका गठबंधन अटल है, लेकिन मैं इसे नही मानता. उन्होंने कहा कि कुछ दिनों के बाद अमित शाह (Amit Shah) निश्चित रूप से नीतीश कुमार (Nitish Kumar) को करारा झटका देंगे.

'नीतीश को अमित शाह सही समय पर देंगे झटका, PM मोदी से खाने की थाली छीनना भूली नहीं BJP'
बिहार के पूर्व सीएम मांझी का कहना है कि बीजेपी नीतीश कुमार से रिश्ता तोड़ लेगी.

पटना: हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (हम) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी (Jitan Ram Manjhi) ने शुक्रवार को कहा कि बीजेपी जल्द ही नीतीश कुमार (Nitish Kumar) को झटका देने वाले हैं. मांझी शुक्रवार को 13 अक्टूबर से 17 अक्टूबर तक छह दिवसीय उपचुनावी दौरा संपन्न कर पटना वापस लौटे. वे बिहार में एक लोकसभा और पांच विधानसभा सीटों पर होने वाले उपचुनाव के लिए प्रचार करने निकले थे. मांझी ने कहा कि 14 से 15 अक्टूबर के बीच भागलपुर के नाथनगर विधानसभा क्षेत्र से हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा के उम्मीदवार अजय कुमार राय के पक्ष में दर्जनों छोटी बड़ी चुनावी सभाओं को संबोधित कर उनके पक्ष में वोट मांगने का काम किया.

मांझी ने कहा कि गृहमंत्री और बीजेपी राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह (Amit Shah) ने 2020 में नीतीश कुमार (Nitish Kumar) के नेतृत्व में विधानसभा चुनाव लड़ने का ऐलान कर चुके हैं. इसमें कोई आश्चर्य की बात नहीं है. कुछ दिन पहले जब नीतीश कुमार (Nitish Kumar) अनुच्छेद 370, 35ए, तीन तलाक और एनआरसी के खिलाफ में थे तो बीजेपी के नेता उनके खिलाफ बयानबाजी कर रहे थे. उस समय भी मैंने कहा था कि भाजपा को डर है कि बिहार में उनकी पार्टी कमजोर हैं, इसलिए नीतीश कुमार (Nitish Kumar) को नहीं छोड़ेंगे. दूसरी तरफ हमने यह भी कहा था कि नीतीश कुमार (Nitish Kumar) एनडीए गठबंधन के साथ कोई सिद्धांत बस नहीं रह रहे हैं. वे सिर्फ और सिर्फ अपनी कुर्सी बचाने के लिए हर बात को बर्दाश्त कर रहे हैं‌.

मांझी ने कहा कि मैं एक बात की भविष्यवाणी करता हूं कि गृह मंत्री अमित शाह (Amit Shah) लाख स्पष्ट करें कि नीतीश कुमार (Nitish Kumar) के साथ उनका उनका गठबंधन अटल है, लेकिन मैं इसे नही मानता. उन्होंने कहा कि कुछ दिनों के बाद अमित शाह (Amit Shah) निश्चित रूप से नीतीश कुमार (Nitish Kumar) को करारा झटका देंगे. मुख्यमंत्री रहते हुए नीतीश कुमार (Nitish Kumar) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को आमंत्रण देकर भोजन कराने से मना कर दिया था, इस बात को बीजेपी के कार्यकर्ता कतई भूल नहीं सकते हैं, इसलिए वे इसका बदला जरूर लेंगे, वे बस सही समय का इंतजार कर रहे हैं.

इससे पहले मांझी ने नाथनगर विधानसभा सीट पर अपनी पार्टी के प्रत्याशी की जीत के दावे करते हुए कहा कि इस चुनाव क्षेत्र में एक ही वर्ग के लोगों को प्रायः प्रत्येक चुनाव में मौका दिए जाने को लेकर जदयू और आरजेडी के खिलाफ जनता में आक्रोश है. वहीं हम के उम्मीदवार अजय कुमार राय के पक्ष में वातावरण बहुत उत्साह पूर्ण देखा गया. मांझी ने कहा कि अजय कुमार राय जिस समाज विशेष से आते हैं, उसके मतदाता की संख्या नाथनगर में लगभग 30,000 की है. उनका साथ उनको प्राप्त है. साथ ही अनुसूचित जाति समाज का शत प्रतिशत मत अजय कुमार को मिलता दिख रहा है.

मांझी ने कहा कि अनुसूचित जाति का मत गोलबंद होने के पीछे बहन मायावती को केंद्र की बीजेपी सरकार की ओर से फजीहत करना है. संत रविदास की मूर्ति को दिल्ली में तोड़ना और सहरसा जिला सहित देश के अन्य हिस्सोंमें बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर की मूर्ति का भंग किया जाना है. इस परिदृश्य में नाथनगर विधानसभा उपचुनाव से हम प्रत्याशी अजय कुमार राय की जीत निश्चित दिख रही है.

मांझी ने बताया कि उन्होंने सिमरी बख्तियारपुर जिला सहरसा का भी दौरा 15 अक्टूबर से 16 अक्टूबर को किया. इस दरमियान महसूस हुआ कि सिमरी बख्तियारपुर में अनुसूचित जाति के अलावा अति पिछड़ों का मतदाता भी दिनेश कुमार निषाद के पक्ष में गोलबंद हो रहा है. दिनेश कुमार निषाद जननायक कर्पूरी ठाकुर के सानिध्य में रहकर समाज सेवा कर चुके हैं और आज के दिन मे भी काफी कर्मठता से लोक हित में कार्य कर रहे हैं. यह क्षेत्र वीआईपी पार्टी के अध्यक्ष मुकेश साहनी का है. अति पिछड़ों में उनकी गहरी पैठ है, जिसका लाभ दिनेश कुमार निषाद को मिलता दिख रहा है.