झारखंड: सहायक पुलिसकर्मियों का आंदोलन 8वें दिन भी जारी, मंत्री मिथिलेश ठाकुर बोले...

अपनी मांगों को लेकर लगातार 8 दिन से जमीन सहायक पुलिस कर्मियों से सरकार के प्रतिनिधि बनकर सूबे के पेयजल मंत्री मिथिलेश ठाकुर ने मुलाकात की.

झारखंड: सहायक पुलिसकर्मियों का आंदोलन 8वें दिन भी जारी, मंत्री मिथिलेश ठाकुर बोले...
झारखंड सरकार में मंत्री हैं मिथिलेश ठाकुर. (फाइल फोटो)

रांची: मोराबादी मैदान में आंदोलनरत सहायक पुलिसकर्मियों के आंदोलन का शनिवार को आठवें दिन भी जारी रहा. एक तरफ जहां सवेरे बीजेपी के विधायकों ने आंदोलन स्थल पर पहुंचकर उन पर हुए लाठीचार्ज को गलत बताया. वहीं, उन्होंने सरकार पर बड़ा आरोप लगाते हुए कहा की सरकार ने तो रोजगार देने की बात की थी. लेकिन रोजगार देने का वक्त आया तो सहायक पुलिस कर्मियों पर लाठी बरसाई गई जो शर्मनाक है.

वहीं, अपनी मांगों को लेकर लगातार 8 दिन से जमीन सहायक पुलिस कर्मियों से सरकार के प्रतिनिधि बनकर सूबे के पेयजल मंत्री मिथिलेश ठाकुर ने मुलाकात की. सहायक पुलिसकर्मियों की मांगों को उनसे मिलकर जाना और फिर 3 बिन्दुओ पर सहमति जताई.

इसके साथ ही मंत्री ने ये भी आश्वस्त किया कि वो मुख्यमंत्री को उनकी अन्य मांगों से भी अवगत कराएंगे जिसपर सरकार गंभीरता से विचार करेगी. मंत्री मिथिलेश ठाकुर ने वार्ता के दौरान संजीदा तो दिखे ही लेकिन इसके साथ ही उन्होंने आंदोलनकारियों को डांट-डपट भी लगाई.

उन्होने सभी आंदोलनकारियों से कोविड काल मे इस तरह भीड़ लगाकर आंदोलन ना करने को लेकर आगाह भी किया. मामले की जानकारी देते हुए मंत्री मिथिलेश ठाकुर ने कहा कि वेतन वृद्धि, एक्सटेंशन के साथ अच्छे काम की मार्किंग देने की भी बात कही जो सहायक पुलिस को नियुक्ति के दौरान मदद देगी.

वहीं, मंत्री से वार्ता के बाद भी सहायक पुलिसकर्मी पूरी तरह आश्वस्त नजर नही आए और उन्होंने कहा कि सरकार की तरफ से कितने समय का एक्सटेंशन मिलेगा, वेतन में कितनी बढ़ोत्तरी होगी, वही जिनकी उम्र और कार्य के दौरान जिन्होंने अपने हांथ-पांव गवाएं है उनके लिए सरकार के पास क्या प्रावधान है. इसपर फिलहाल असमंजस बरकरार है जिसके कारण वे आंदोलन की रूप रेखा पर फैसला अच्छी तरह समझ-बुझ के बाद ही लेंगे. वहीं, वार्ता से सहायक पुलिसकर्मी संतुष्ट नजर नहीं आए.

बहरहाल मंत्री ने मोराबादी मैदान में घंटों जाकर सहायक पुलिस कर्मियों से वार्ता किया और आंदोलन खत्म करने का निवेदन किया. लेकिन बावजूद से सहायक पुलिस कर्मी इस वार्ता से संतुष्ट नजर नहीं आए और उन्होंने आंदोलन जारी रखने की घोषणा कर दी.