Bhagalpur: 26 दिनों से डीप फ्रिजर में परिवार का इंतजार कर रहा बांग्लादेशी शव, जानें पूरा मामला

इस संबंध में गृह विभाग के अवर सचिव गिरीश मोहन ठाकुर ने भारत सरकार के विदेश मंत्रालय के संयुक्त सचिव को पत्र भेजा है. पत्र के माध्यम से अनुरोध किया है कि तौफीक के अंतिम क्रिया के संदर्भ में त्वरित मार्गदर्शन दिया जाए. 

Bhagalpur: 26 दिनों से डीप फ्रिजर में परिवार का इंतजार कर रहा बांग्लादेशी शव, जानें पूरा मामला
Bhagalpur: 26 दिनों से डीप फ्रिजर में परिवार का इंतजार कर रहा बांग्लादेशी शव, जानें पूरा मामला.

अजय कुमार/भागलपुर: बिहार के भागलपुर के मायागंज अस्पताल में एक बांग्लादेशी कैदी का शव पिछले 26 दिनों से रखा हुआ है. दरअसल विदेश मंत्रालय भारत सरकार का पत्र भागलपुर के विशेष केंद्रीय कारा को मिला. इस पत्र में कहा गया है कि बांग्लादेश हाई कमीशन को इस मामले की सूचना दी गयी है जिससे शव परिजनों को सौपा जा सके. 

एक निश्चित समय सीमा तक हाई कमीशन के पत्र या फिर बंगलादेश से परिजन या प्रतिनिधि के आने का इंतजार किया जा रहा है. 2010 में बांग्लादेश के युवक तौफीक को पूर्णिया के चूनापुर एयरफोर्स स्टेशन के समीप संदिग्ध हालत में गिरफ्तार किया गया था. तौफीक के पास से न तो वीजा था और न ही भारत मे इनके कोई संबंधी ही थे. 

गिरफ्तार होने के बाद तौफीक पर तीन साल की सश्रम जेल की सजा और 3 हजार रुपया जुमाना लगाया गया था. जुर्माना नहीं देने पर 3 महीने अतिरिक्त सजा की अवधि बढ़ा दी गयी थी. सजा पूरा होने के बाद भी तौफीक बांग्लादेश नहीं लौट पाए. इसी इंतजार में साल 2017 में उसे निवास केंद्र में रखा गया. तब से उसे वापिस ले जाने कोई नहीं आया. 

24 नवंबर 2020 को तौफीक की तबियत बिगड़ गई और इलाज के लिए इन्हें पूर्णिया सदर अस्पताल लाया गया, जहां से 4 दिसंबर 2020 को उसे बेहतर इलाज के लिए भागलपुर भेज दिया गया. 25 दिसंबर को इलाज के दौरान ही तौफ़ीक की मौत हो गई. बीते 25 दिसंबर को पूर्णिया जेल से भागलपुर मायागंज अस्पताल ले जाने के बाद तो तौफीक की इलाज के दौरान मौत हो गई और उनके शव को परिजनों के इंतजार में डीप फ्रीजर में रख दिया गया है.

अंतिम क्रिया के लिए बांग्लादेश से उनके परिजन का इंतजार किया जा रहा है. तौफीक की अंतिम क्रिया के लिए डीएम ने गृह विभाग को सूचित किया है. डीएम ने बताया कि तौफीक के सबको डीप फ्रीजर में रखा गया है. अंतिम क्रिया के लिए दिशानिर्देश देने का इंतजार किया जा रहा है. 

इस संबंध में गृह विभाग के अवर सचिव गिरीश मोहन ठाकुर ने भारत सरकार के विदेश मंत्रालय के संयुक्त सचिव को पत्र भेजा है. पत्र के माध्यम से अनुरोध किया है कि तौफीक के अंतिम क्रिया के संदर्भ में त्वरित मार्गदर्शन दिया जाए. 

हालांकि, सूचना के मुताबिक अब तक किसी भी तरह का निर्देश नहीं मिल पाया है. सूत्रों की मानें तो 1 जनवरी 2021 को विदेश मंत्रालय भारत सरकार का पत्र भागलपुर के विशेष केंद्रिका को मिला. इस पत्र में कहा गया है कि बांग्लादेश हाई कमीशन को इस मामले की सूचना दी गई है. फ़िलहाल बांग्लादेश के प्रतिनिधि के आने का इंतजार किया जा रहा है.