तीज व्रत के लिए मां ने बेटे को लाने भेजा था फूल, लेकिन नहीं आया वापस...

राजधानी पटना के नजदीक दानापुर में एक परिवार में तीज के त्योहार पर कोहराम मच गया. 

तीज व्रत के लिए मां ने बेटे को लाने भेजा था फूल, लेकिन नहीं आया वापस...
दानापुर में सड़क हादसे में 11 साल के बच्चे की मौत.

पटनाः पूरे बिहार समेत कई प्रदेशों में बुधवार को तीज का त्योहार बड़ी धूम-धाम से मनाया जा रहा है. तीज की पूजा के लिए सभी महिलाएं इसकी तैयारी में लगी है. लेकिन राजधानी पटना के नजदीक दानापुर में एक परिवार में तीज के त्योहार पर कोहराम मच गया. एक मां ने तीज का व्रत रखा था और पूजा के लिए बेटे को फूल लाने भेजा था. लेकिन बेटा जब घर से निकला तो वापस न आ सका.

दरअसल दानापुर रेलवे स्टेशन के पास 11 वर्ष का मासूम अपनी मां के तीज व्रत के लिए घर से फूल लेने निकला था. लेकिन घर से निकलते ही थोड़ी दूरी पर खगौल शिवाला मार्ग के पास तेज रफ्तार बस ने उसे रौंद दिया. जिससे उसकी मौत हो गई. लेकिन जब यह सूचना घर में मिली तो मां के होश उड़ गए. मां के पैरों तले जमीन खीसक गई. उसे क्या मालूम था कि जिस पूजा के लिए वह फूल लाने भेज रही है. उससे उसके इकलौते की जान चली जाएगी.

घटना के बाद पूरे इलाके में थोड़ी देर के लिए सन्नाटा पसर गया. लेकिन इसके बाद मुहल्ले में चितकार मच गई. और लोगों में भी आक्रोश फैल गया. ग्रामीणों ने सड़क को जाम कर दिया और वाहनों पर पथराव करते हुए सड़क पर आगजनी की. वहीं, पुलिस घंटों आक्रोशित लोगों को समझाने में लगी रही. करीब तीन-चार घंटे बाद सड़क से जाम हटाया जा सका.

लेकिन मां और पूरे परिवार में चितकार मची रही. घटना के बाद बवाल मचा तो दानापुर एएसपी मनोज तिवारी खगौल औऱ शाहपुर समेत आस पास के कई थानों की पुलिस के साथ पहुंचे और लोगों को समझाने में जुटे रहे. जमालुद्दीन चक, सरारी और आस पास के कई गाँव के सैंकड़ो लोग मौके पर पहुंचे.

लोगों ने घटना के लिए पुलिस की लापरवाही बताते हुए एएसपी से शिकायत की कि सरारी रेलवे गुमटी के आस पास दर्जनों बालू लोडेड ट्रैक्टर और ट्रकों की कतारें लगी रहने से सड़क संकरी हो जाती है. पुलिस इनसे अवैध वसूली में लगी रहती है और दुर्घटनाओं को रोकने के लिए कोई कुछ नहीं करता. मौके से ही एएसपी ने पुलिस को फटकार लगायी और बालू लोडेड वाहनों को नही लगाने का निर्देश दिया.