पटना: कम्पार्टमेंट सिंड्रोम से पीड़ित था ये युवक, बिना ऑपरेशन के हुआ इलाज

 डॉक्टरों ने कह दिया था कि उसके इस पर को काट दिया जाएगा. इसके अलावा कोई उपाय नहीं है. लेकिन उसके माता-पिता ने धैर्य नहीं खोया और आईजीआईएमएस में इलाज कराने ले गए.

पटना: कम्पार्टमेंट सिंड्रोम से पीड़ित था ये युवक, बिना ऑपरेशन के हुआ इलाज
पंकज ने कहा कि उसने कभी नही सोचा था की वह चल सकेगा.

पटना: कम्पार्टमेंट सिंड्रोम (Compartment syndrome) की बीमारी से ग्रसित 17 साल के पंकज  का बिना ऑपरेशन के सफल इलाज इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान (IGIMS) में हुआ है. इलाज के बाद अब पंकज अपने पैरों पर कुछ चल पा रहा है.

जानकारी के मुताबिक, 5 महीने पहले जब पंकज अपने दोस्तों के साथ कॉलेज जा रहा था तो उसी दौरान उसका एक्सीडेंट हो गया. फिर हालात ऐसे हो गए कि वह चल नहीं पा रहा था. डॉक्टरों ने कह दिया था कि उसके इस पर को काट दिया जाएगा. इसके अलावा कोई उपाय नहीं है. लेकिन उसके माता-पिता ने धैर्य नहीं खोया और आईजीआईएमएस में इलाज कराने ले गए.

पंकज के माता-पिता ने आईजीआईएमएस में डॉक्टर को बताया  की वो काफी गरीब है और इलाज कराने के लिए उनके पास पैसे तक नहीं हैं. लेकिन डॉक्टरों की टीम ने जब पंकज को देखा तो उसके परिवार की गरीबी और लाचारी को देखते हुए उसका इलाज शुरू कर दिया.

पंकज लगातार फिजियोथैरेपी विभाग, हड्डी रोग विभाग, एवं कार्डियोथोरेसिक वैस्कुलर विभाग (Cardiothoracic vascular Department) के संपर्क में रहा और लगातार इलाज के बाद सितंबर माह में खुद चलने लगा. इस तरह सही फिजियोथैरेपी योग और दवाओं से पैर को बचा लिया गया विकलांग होने से पंकज बच गया विश्व में ऐसे केस रेयर होते है. 

वहीं, हड्डी विभाग के विभागा अध्यक्ष संतोष कुमार ने कहा कि पंकज जिस समय इलाज के लिए आया था, उसकी स्थिति काफी नाजुक थी, लेकिन अथक प्रयास के बाद पंकज को ठीक कर लिया गया है.

अब पंकज काफी खुश है. उसका कहना है उसने कभी नही सोचा था की वह चल सकेगा, लेकिन आज चल रहा है इसके लिए डॉक्टरों की पूरी टीम को धन्यवाद दिया.