बिहार: CM ने की 'जल-जीवन-हरियाली' यात्रा की शुरुआत, बोले- इसकी निगरानी का जिम्मा जनता का

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की यात्रा का मकसद जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए चलाये जा रहे जल-जीवन-हरियाली अभियान का स्थल निरीक्षण है. स्थल निरीक्षण के साथ मुख्यमंत्री लोगों को अभियान के बारे में बता भी रहे हैं. 

बिहार: CM ने की 'जल-जीवन-हरियाली' यात्रा की शुरुआत, बोले- इसकी निगरानी का जिम्मा जनता का
मुख्यमंत्री ने पश्चिम चंपारण जिले के लिए एक हजार करोड़ से ज्यादा की योजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन किया.

चंपारण: मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने चंपारण से जल जीवन हरियाली यात्रा की शुरुआत कर दी है. इस यात्रा की शुरुआत चंपारण से हुई है, जहां के चंपापुर गांव में हो रहे कामों के निरीक्षण के साथ मुख्यमंत्री ने सभा को संबोधित किया. इस दौरान उन्होंने बताया कि आखिर इस अभियान की जरूरत क्यों पड़ी.

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की यात्रा का मकसद जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए चलाये जा रहे जल-जीवन-हरियाली अभियान का स्थल निरीक्षण है. स्थल निरीक्षण के साथ मुख्यमंत्री लोगों को अभियान के बारे में बता भी रहे हैं. आखिर सब लोगों के लिए ये क्यों जरूरी है.

मुख्यमंत्री ने पश्चिम चंपारण जिले के लिए एक हजार करोड़ से ज्यादा की योजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन किया. उन्होंने जनसभा को संबोधित करते हुए कहा है कि जो काम हो रहे हैं, उनकी निगरानी का जिम्मा आपका है. विशेष कर जीविका से जुड़ी महिलाएं नजर रखें, तभी हम इसमें कामयाब होंगे. मुख्यमंत्री ने हर घर बिजली और नल का जल योजना का जिक्र करते हुए कहा कि जो काम बिहार में पहले शुरू होता है, वो देश में लागू होता है. मुझे पूरा विश्वास है कि जल जीवन-हरियाली योजना को भी पूरे देश में लागू किया जाएगा.

जल-जीवन-हरियाली अभियान को और गति देने के लिए 19 जनवरी 2020 को मानव श्रृंखला का निर्माण होगा, जिसमें शामिल होने का न्योता भी अन्य राज्यों के मुख्यमंत्रियों को दे रहे हैं और कह रहे हैं कि शराबबंदी और दहेजबंदी- बाल विवाह उन्मूलन की तरह इस बार भी हाथ से हाथ पकड़ कर खड़े होना है और इतनी संख्या में लोग आए कि पुराने रिकार्ड टूट जाएं.

सम्मेलन में पहुंचे खाद्य उपभोक्ता संरक्षण मंत्री मदन सहनी और अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री खुर्शीद आलम ने जल-जीवन हरियाली अभियान को समय की जरूरत बताया और कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ही ऐसी सोच सकते हैं.

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जिस तरह से जल-जीवन-हरियाली अभियान की शुरुआत की और अब उसकी प्रगति देखने के लिए मौके पर जा रहे हैं, ये अपने आप में अनूठा है. सात निश्चय की तहत ये अभियान भी देश में नजीर बनेगा.