चुनावी मोड में कांग्रेस, प्रमंडल स्तर पर कॉर्डिनेटर देंगे कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण

विधानसभा चुनाव की तैयारी में कांग्रेस का पहला स्टेप सामने आ चुका है. पार्टी ने फैसला लिया है कि चुनाव से पहले पार्टी अपने कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित करेगी. पार्टी ने अबतक 25 कॉर्डिनेटर का चयन भी कर लिया है.

चुनावी मोड में कांग्रेस, प्रमंडल स्तर पर कॉर्डिनेटर देंगे कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण
विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस कराएगी बिहार में कार्यकर्ताओं का प्रशिक्षण. (फाइल फोटो)

पटना: मिशन 2020 फतह करने के लिए कांग्रेस अपने कार्यकर्ताओं को अब प्रशिक्षित करेगी. बिहार कांग्रेस ने इसकी तैयारी शुरू कर दी है. इसके लिए प्रमंडल स्तर पर ट्रेनिंग के लिए कॉर्डिनेटर भी नियुक्त किए जाएंगे. अपने प्रशिक्षित कार्यकर्ताओं के जरि कांग्रेस बिहार में पार्टी की दशा और दिशा बदलने की कोशिश में जुट गई है.

विधानसभा चुनाव की तैयारी में कांग्रेस का पहला स्टेप सामने आ चुका है. पार्टी ने फैसला लिया है कि चुनाव से पहले पार्टी अपने कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित करेगी. पार्टी ने अबतक 25 कॉर्डिनेटर का चयन भी कर लिया है.

पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मदन मोहन झा कहते हैं कि प्रशिक्षण कार्यक्रम को चुनाव से देखने की जरुरत नहीं है. पार्टी के कार्यकर्ताओं को कांग्रेस की उपलब्धियों का जानकारी होनी ही चाहिए. तभी तो कार्यकर्ता आमलोगों के बीच कांग्रेस की बातों को सही तरीके से रख सकेंगे.

कांग्रेस के कॉर्डिनेटर जिन मुद्दों पर कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित करेंगे उनमें कार्यकर्ताओं को :- 

1. कांग्रेस का इतिहास बताया जाएगा.
2. यूपीए सरकार के दौरान कांग्रेस के कामकाज की जानकारी दी जाएगी.
3. यूपीए सरकार के दौरान बिहार को कितना फायदा मिला ए बताया जाएगा.
4. वर्तमान में मोदी सरकार की कमियों की जानकारी दी जाएगी.
5. सीएए एनपीआर और एनआरसी के मुद्दे पर कैसे सरकार को घेरा जाए इसकी जानकारी दी जाएगी.
6. बिहार की नीतीश सरकार में हुई कमियों की जानकारी दी जाएगी.
7. सोशल मीडिया के जरिए कैसे सरकार की खामियों को उजागर किया जा सकता है.
8. आमलोगों को कांग्रेस के पक्ष में लाने के गुर भी सिखाए जाएंगे.

रूलिंग पार्टी जेडीयू को कांग्रेस के ट्रेनिंग प्रोग्राम में कुछ खास दम नजर नहीं दिख रहा है. पार्टी के प्रवक्ता राजीव रंजन कहते हैं कि कांग्रेस ने अपने कार्यकर्ताओं को ट्रेनिंग देने पर फैसला इसलिए लिया क्योंकि जेडीयू पहले ही अपने कार्यकर्ताओं को ट्रेनिंग दे चुकी है और इसका असर भी दिख रहा है. लेकिन कांग्रेस की इस ट्रेनिंग प्रोग्राम का कोई असर नहीं दिखने वाला है.

चुनावी तैयारी को लेकर हर एक दल की तरफ से अपने-अपने कार्यक्रम किए जा रहे हैं. अब यह देखना दिलचस्प होगा कि कांग्रेस अपनी ट्रेनिंग प्रोग्राम के जरिए अपने कार्यकर्ताओं में कितना जोश भर पाती है.