नशे के सौदागरों ने झारखंड में पसारे पैर, धड़ल्ले से जारी डोडे की दूसरे राज्यों में तस्करी

रांची और आसपास के ग्रामीण इलाकों में नशे का कारोबार चल रहा है और इस नशे के कारोबार पर दूसरे राज्य के सौदागरों की नजर है. जहां से अफीम की खेती के बाद बचे डोडा की धड़ल्ले से तस्करी की जा रही है. 

नशे के सौदागरों ने झारखंड में पसारे पैर, धड़ल्ले से जारी डोडे की दूसरे राज्यों में तस्करी
नशे के सौदागरों ने झारखंड में पसारे पैर, धड़ल्ले से जारी डोडे की दूसरे राज्यों में तस्करी.

रांची: झारखंड की राजधानी रांची के नामकुम थाना क्षेत्र से पुलिस को बड़ी कामयाबी हाथ लगी है जब एक ट्रक डोडा के साथ दो आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया. बुंडू से होकर नशे का यह खेप राजस्थान ले जाया जा रहा था.

रांची और आसपास के ग्रामीण इलाकों में नशे का कारोबार चल रहा है और इस नशे के कारोबार पर दूसरे राज्य के सौदागरों की नजर है. जहां से अफीम की खेती के बाद बचे डोडा की धड़ल्ले से तस्करी की जा रही है. 

राजधानी रांची के नामकुम थाना क्षेत्र से सब किए गए ट्रक और गिरफ्तार दो अभियुक्त इसकी तस्करी कर रहे हैं. इसकी गुप्त सूचना मिलने के बाद एसएसपी के निर्देश पर ग्रामीण एसपी के नेतृत्व में पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए गिरफ्तार किया है.

मामले पर जानकारी देते हुए ग्रामीण एसपी नौशाद आलम ने बताया कि नशे का यह कारोबार एक बड़े पैमाने में चल रहा है. हाल के दिनों में कई गिरफ्तारियां भी हुई हैं, लेकिन पुलिस इस पूरे नेक्सस का पता लगाने की कोशिश में है. क्योंकि अब तक जितनी भी गिरफ्तारियां हुई हैं, वह सब एक दूसरे से लिंक नहीं रखती. इसीलिए यह और भी चुनौतीपूर्ण हो चुका है.

बहरहाल, पुलिस ने एक ट्रक डोडा के साथ दो अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है, जो यकीनन एक कामयाबी है, लेकिन सवाल यह उठता है कि आखिर जो इतने बड़े पैमाने पर नशे का कारोबार चल रहा है, उसका सरगना कौन और कहां बैठा है? 
और उन्हें पकड़ना पुलिस के लिए एक बड़ी चुनौती है