झारखंड: राज्यसभा की 1 सीट पर BJP-कांग्रेस की रणनीति की परीक्षा, दिलचस्प होगा मुकाबला

 लेकिन जब उनसे पूछा गया कि आगे आंकड़े कहां से लाएंगे. इस सवाल का जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि झारखंड में कभी भी आंकड़ों के हिसाब से राजयसभा चुनाव नहीं हुआ है. गणित में कभी भी उलट-फेर हो सकता है. हमलोग उसी रास्ते पर चलेंगे और जीतेंगे भी.

झारखंड: राज्यसभा की 1 सीट पर BJP-कांग्रेस की रणनीति की परीक्षा, दिलचस्प होगा मुकाबला
राज्यसभा की एक सीट के लिए बीजेपी-कांग्रेस के रणनीति की असल परीक्षा, कांटे की होगी टक्कर. (प्रतीकात्मक तस्वीर)

रांची: झारखंड में राजयसभा की 2 सीट के लिए 26 मार्च को मतदान होना है. इसके लिए महागठबंधन की तरफ से जेएमएम उम्मीदवार के तौर पर शिबू सोरेन ने विधानसभा में अपना नामांकन पर्चा भी दाखिल कर दिया है. 

नामांकन के बाद शिबू सोरेन ने विक्ट्री साइन दिखाया तो सीएम हेमंत सोरेन ने भी विक्ट्री का सिंबल दिखाते हुए कहा गुरुजी का अब राजयसभा जाना तय है क्योंकि जेएमएम के पास आंकड़े पूरे हैं.

हालांकि, दूसरे सीट के लिए कांग्रेस और बीजेपी के बीच खींचतान जारी है. महागठबंधन की तरफ से दूसरे सीट के लिए अब तक पत्ते नहीं खोले गए हैं. सीएम हेमंत सोरेन ने कहा, दूसरे सीट पर भी रणनीति के तहत चीजें सामने आएंगी. बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा- बीजेपी का तो पता ही है कि वह क्या-क्या कर सकती है, हमारी नजर उसपर है.

इसके साथ ही उन्होंने कहा कि अब तक तो पता ही नहीं चल पाया है कि बीजेपी चुनाव लड़ेगी भी या नहीं. दूसरी तरफ मंत्री मिथलेश ठाकुर ने भी कहा- हम दूसरी सीट भी जीतेगें. बीजेपी के अलावे सारे लोग महागठबंधन को समर्थन देने के लिए तैयार हैं.

जबकि कांग्रेस कोटे से ग्रामीण विकास मंत्री और नेता विधायक दल आलमगीर आलम ने भी कहा- कांग्रेस अपना उम्मीदवार देगी. लेकिन जब उनसे पूछा गया कि आगे आंकड़े कहां से लाएंगे. इस सवाल का जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि झारखंड में कभी भी आंकड़ों के हिसाब से राजयसभा चुनाव नहीं हुआ है. गणित में कभी भी उलट-फेर हो सकता है. हमलोग उसी रास्ते पर चलेंगे और जीतेंगे भी.

कांग्रेस कोटे से ही कृषि मंत्री बादल पत्रलेख ने कहा- हमलोगों ने सारी स्थिति से आलाकमान को अवगत करा दिया है. उम्मीदवार पर आलाकमान को निर्णय लेना है. झारखंड की एक सीट पर कब्जे की जद्दोजहद जारी है. 

महागठबंधन की तरफ से दूसरी सीट पर कब्जे की रणनीति चल रही है. जबकि अंदर खाने बीजेपी भी रणनीति के तहत अपने पक्ष में नंबर जुटाने की जद्दोजहद में है.