कोरोना त्रासदी में राजनीति करते हुए महागठबंधन नेताओं को शर्म आनी चाहिए: निखिल आनंद

बिहार की जनता को हमसभी आश्वस्त करना चाहते हैं कि बिहार की एनडीए सरकार प्रदेश में लौटे सभी अप्रवासी श्रमिक भाईयों के लिए कामकाज की व्यवस्था करने जा रही है. 

कोरोना त्रासदी में राजनीति करते हुए महागठबंधन नेताओं को शर्म आनी चाहिए: निखिल आनंद
कोरोना त्रासदी में राजनीति करते हुए महागठबंधन नेताओं को शर्म आनी चाहिए: निखिल आनंद. (फाइल फोटो)

पटना: बिहार बीजेपी प्रवक्ता डॉ निखिल आनंद ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मांग किया है कि प्रदेश के सभी क्वारंटाइन सेंटर पर उच्चस्तर की सुरक्षा-व्यवस्था दुरुस्त रखने की अपील की. साथ ही 24 घंटे पुलिस-प्रशासन की खास नजर रखने की अपील की क्योंकि कुछ राजनीतिक दल मानवीय संवेदना को भूलकर जन भावनाएं भड़काने में लगे हैं ताकि सरकार को बदनाम कर सकें. 

निखिल आनंद ने कहा कि बिहार की जनता से अपील किया है कि किसी के बहकावे में न आएं और अवांछित तत्वों की साजिश को नाकाम करें. उन्हें क्वारंटाइन सेंटर के भीतर एवं आसपास फटकने न दें.

यह बहुत ही दुखद है कि कोरोना संकटकाल में आरजेडी-कांग्रेस जैसे राजनीतिक दल अप्रवासी भाईयों के बीच झूठ के प्रपंच से प्रोपोगंडा फैलाकर भड़काने में लगे हैं ताकि अव्यवस्था फैले. 

बिहार की जनता को हम सभी आश्वस्त करना चाहते हैं कि बिहार की एनडीए सरकार प्रदेश में लौटे सभी अप्रवासी श्रमिक भाईयों के लिए कामकाज की व्यवस्था करने जा रही है. 

डॉ निखिल आनंद ने विपक्ष पर आरोप लगाते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की ओर से 20 लाख करोड़ के पैकेज की घोषणा से महागठबंधन नेताओं का सदमें से नर्वस ब्रेकडाउन हो गया है. जब भविष्य में राजनीतिक इतिहास लिखा जाएगा तो कोरोना काल में विपक्ष की अकर्मण्यता, प्रोपोगंडा और साजिश का भी दस्तावेज लिखा जाएगा. 

एक ओर संपूर्ण विपक्ष सोनिया गांधी के साथ सरकार के विरोध की साजिश रच रहे थे तो दूसरी ओर भारत के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी चक्रवाती तूफान से पीड़ित राज्यों का दौरा कर रहे थे. 

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार क्वारंटाइन सेंटर पर लोगों से सीधा संवाद कर फीडबैक ले रहे थे.