धनबादः पुलिस के लाठीचार्ज के बाद हड़ताल पर बैठे जूूनियर डॉक्टर, मरीज परेशान

 झारखंड के धनबाद में स्थित पीएमसीएच में गुरुवार (29 मार्च) की रात हुए बवाल और लाठीचार्ज के बाद शुक्रवार (30 मार्च) के सुबह से जूनियर डॉक्टर हड़ताल पर चले गए हैं.

धनबादः पुलिस के लाठीचार्ज के बाद हड़ताल पर बैठे जूूनियर डॉक्टर, मरीज परेशान
धनबाद पीएमसीएच में जूनियर डॉक्टरों और मृतक परिजनों के बीच मारपीट हुई.

धनबादः  झारखंड के धनबाद में स्थित पीएमसीएच में गुरुवार (29 मार्च) की रात हुए बवाल और लाठीचार्ज के बाद शुक्रवार (30 मार्च) के सुबह से जूनियर डॉक्टर हड़ताल पर चले गए हैं. और उन्होंने ओपीडी में मरीजों का रजिस्ट्रेशन बंद करवा दिया गया है. वहीं, हड़ताल कर रहे जूनियर डॉक्टर सीनियर डॉक्टरों को भी चैंबर में नहीं बैठने दे रहे हैं. जूनियर डॉक्टरों के हड़ताल से अब मरीज भी परेशान हैं. इलाज के इंतजार में सैकड़ों मरीज बैठे हैं. मेडिकल कालेज परिसर में सुरक्षा के लिहाज से भारी संख्या में पुलिसबल तैनात किया गया है. दरअसल, गुरुवार की शाम को पीएमसीएच में एक बच्ची को मृत घोषित किया गया था. हालांकि बच्ची के परिवारवालों का आरोप था कि बच्ची जिंदा थी.

उन्होंने कहा कि घर ले जाने के दौरान बच्ची के शरीर में हलचल हुई थी. उसे दोबारा इमरजेंसी लेकर गए थे. जांच के बाद उसे फिर मृत घोषित कर दिया गया. इसके बाद बच्ची के परिवालों ने बस्ती के लोगों को बुला लिया था. जिसके बाद डॉक्टरों और लोगों के बीच जमकर मारपीट हुई थी. स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए पुलिस को दो बार लाठीचार्ज करना पड़ा था.

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खबरों के अनुसार दोपहर करीब तीन बजे जाह्नवी नामक बच्ची को पीएमसीएच में भर्ती कराया गया था. उसे हिचकी की शिकायत थी. डाक्टर ने परिजनों को दवा लाने की सलाह दी. जब बच्ची के चाचा जीत लाल राम और छोटू राम दवा लेकर लौटे तो डाक्टरों ने जाह्नवी को मृत घोषित कर दिया. डाक्टर ने मृत्यु प्रमाण पत्र भी जारी कर दिया. शाम सात बजे परिजन उसे लेकर घर जा रहे थे. उनका कहना है कि घर ले जाते समय बच्ची के शरीर में हलचल हुई. उसका शरीर भी गर्म था. इसके बाद परिजन जाह्नवी को लेकर इमजेंसी पहुंचे. आनन-फानन में मशीन से उसकी धड़कन की जांच हुई. डाक्टरों ने दोबारा कहा कि बच्ची की मौत हो चुकी है. इसके बाद स्थिति बिगड़ गई. परिजन डाक्टरों पर आरोप लगाने लगे. बताया जा रहा है कि परिजनों के हंगामे के बाद बाद जूनियर डाक्टरों ने उनकी पिटाई कर दी.

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जूनियर डाक्टरों की मारपीट के बाद परिजनों ने घटना की खबर केंदुआडीह बस्ती में दी. इसके बाद वहां से गाड़ियों में सवार होकर भारी संख्या में लोग पहुंचे. आरोप है कि अस्पताल पहुंचते ही सभी डाक्टरों पर टूट पड़े. मामले की जानकारी जब अन्य जूनियर डाक्टर और मेडिकल स्टूडेंट तक पहुंची तो हॉस्टल से सैकड़ों डाक्टर और छात्र पहुंच गए. परिजनों को खदेड़-खदेड़ कर पीटा. बताया जा रहा है कि परिजनों को स्टील गेट मार्केट तक दौड़ाया गया. इसी बीच पुलिस मौके पर पहुंची और लॉठीचार्ज कर भीड़ हटाया.