कोडरमा बना 'सुसाइड जोन', 6 दिन में 5 लोगों ने की आत्महत्या

कोडरमा एसपी एम तमिल वानन ने कहा कि समस्याओं का समाधान सुसाइड नहीं है, बल्कि जो जिंदगी मिली है उसमें ही समस्याओं से लड़कर जीना सीखना चाहिए.

कोडरमा बना 'सुसाइड जोन', 6 दिन में 5 लोगों ने की आत्महत्या
सुसाइड की बढ़ती घटनाएं कोडरमा पुलिस की चिंता बढ़ा दी है. (प्रतीकात्मक तस्वीर)

कोडरमा : झारखंड का कोडरमा जिला इन दिनों सुसाइड जोन बन गया है. बीते 23 जून से आत्महत्या की पांच घटनाएं घट चुकी हैं. ऐसे में जिले के मनोचिकित्सक घरों में फ्रेंडशिप माहौल बनाने की लोगों से अपील कर रहे हैं. वहीं, आत्महत्या की ये घटनाएं कोडरमा पुलिस की चिंता बढ़ा दी है.

आत्महत्या की पहली घटना 23 जून को हुई. तिलैया थाना क्षेत्र के तिलैया बस्ती में सरकारी शिक्षक दिनेश यादव ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी. घटना के पीछे परिवारिक विवाद को कारण बताया गया. वहीं, 24 जून को कोडरमा और झुमरी तिलैया में सुसाइड की दो घटनाएं हुई. पहली घटना स्कूल के सेकेंड टॉपर रहे कोडरमा थाना क्षेत्र के हर्ष कुमार ने सुसाइड कर लिया. वहीं, गांधी स्कूल रोड में व्यवसाई विनोद प्रसाद ने जहर खाकर आत्महत्या कर लिया.

इतना ही नहीं अगले ही दिन 25 जून को कोडरमा थाना क्षेत्र में एक नाबालिग लड़की पूजा कुमारी ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी. इसके पीछे कोडरमा पुलिस प्रेम संबंधों का हवाला दे रही है. 28 जून को मरकच्चो प्रखंड के कादोडीह पंचायत में एक लड़की रुबी कुमारी ने यह कहकर जहर खाकर आत्महत्या कर ली कि जिस लड़के से उसकी शादी होनी थी वह लड़का उसे पसंद नहीं.

हालांकि आत्महत्या की इन पांचों घटनाओं के पीछे वजह चाहे जो भी हो, लेकिन कोडरमा पुलिस के लिए चिंता का सबब बना हुआ है. कोडरमा एसपी एम तमिल वानन ने कहा कि समस्याओं का समाधान सुसाइड नहीं है, बल्कि जो जिंदगी मिली है उसमें ही समस्याओं से लड़कर जीना सीखना चाहिए. उन्होंने कहा कि तनाव होने पर कोई भी कोडरमा पुलिस के काउंसलिंग सेल से संपर्क कर अपने तनाव को दूर कर सकते हैं.

दूसरी तरफ कोडरमा में आत्महत्या की बढ़ रही घटनाओं पर चिंता जाहिर करते हुए जिला के मनोचिकित्सक मनोज कुमार के अनुसार, घर में फ्रेंडशिप माहौल तैयार होना चाहिए और सोशल साइट्स के अलावे आपस में बैठकर एक जनरेशन को दूसरे जनरेशन से विचार-विमर्श करना चाहिए. बहरहाल पिछले छह दिनों में जिस तरह से कोडरमा के अलग-अलग इलाकों में आत्महत्या की घटनाएं घट रही है, लोग कोडरमा को सुसाइड जोन के रूप में जानने लगे हैं.