रांची: मुख्य निर्वाचन आयुक्त ने की चुनाव की तैयारियों की समीक्षा, पार्टी नेताओं से की मुलाकात

 मुख्य निर्वाचन आयुक्त सुनील अरोड़ा निर्वाचन आयुक्त अशोक लवासा और सुशील चंद्रा के अलावा आयोग के अन्य पदाधिकारी राजधानी के रेडीसन ब्लू में राजनीतिक दलों के साथ बैठक किये चुनाव आयोग से अपनी-अपनी बात को आयोग के सामने रखा.

रांची: मुख्य निर्वाचन आयुक्त ने की चुनाव की तैयारियों की समीक्षा, पार्टी नेताओं से की मुलाकात
राजनीतिक दलों ने बैठक में चुनाव आयोग से अपनी-अपनी बात को सामने रखा.

अभिषेक, रांची: भारत निर्वाचन आयोग दो दिनों तक झारखंड विधानसभा चुनाव की अब तक की तैयारियों की गहन समीक्षा करने रांची पहुंची. मुख्य निर्वाचन आयुक्त सुनील अरोड़ा निर्वाचन आयुक्त अशोक लवासा और सुशील चंद्रा के अलावा आयोग के अन्य पदाधिकारी राजधानी के रेडीसन ब्लू में राजनीतिक दलों के साथ बैठक किये चुनाव आयोग से अपनी-अपनी बात को आयोग के सामने रखा.

जेवीएम ने चुनाव आयोग की टीम से चुनाव में पारदर्शिता बरतने और स्वच्छ तरीके से मतदान हो पाए इसको लेकर अपनी मांग रखी. प्रदेश बीजेपी ने चुनाव आयोग के सामने कहा कि बांग्लादेशी घुसपैठियों के कारण चुनाव प्रक्रिया में बाधा उत्पन्न हो रही है. इस पर प्रतिबंध लगना चाहिए. साथ ही साथ विदेशी पैसे के बल पर प्रश्रचिन्ह लगाने का काम करते हैं. कई एनजीओ मतदाताओं को प्रभावित करने का काम करते हैं. खराब ईवीएम की जगह वैकल्पिक व्यवस्था करने की मांग प्रदेश बीजेपी ने चुनाव आयोग के समक्ष रखी.

भारत के मुख्य निर्वाचन आयुक्त से आजसू पार्टी की तरफ से यह मांग रखी है सुरक्षा बल के आचरण पर भी नजर रखा जाना चाहिए. निष्पक्ष चुनाव हो भयमुक्त चुनाव को और वोटरों को किसी भी तरह की परेशानी नहीं हो.

मुख्य निर्वाचन आयोग के साथ बैठक कर बाहर निकले कांग्रेस के प्रतिनिधि आलोक कुमार दुबे ने कहा कि हमने झारखंड कांग्रेस कमेटी की ओर से मुख्य निर्वाचन आयोग के सामने कुछ बातें रखी जिसमें अगर झारखंड अति उग्रवाद प्रभावित क्षेत्र था तो 5 चरणों में चुनाव क्यों हो रहा है. केवल बीजेपी ही 5 चरणों में चुनाव के पक्षधर थी. अगर झारखंड इतना ही उग्रवाद प्रभावित राज्य थी तो इससे ज्यादा चरणों में भी चुनाव कराए जा सकते थे.

उन्होंने कहा कि चुनाव आयुक्त बीजेपी के दबाव में काम कर रही है तो चुनाव आयोग ने कहा कि ऐसी कुछ बात नहीं है. आयोग के सामने हमने विभिन्न जिलों के उपायुक्त द्वारा सोशल मीडिया के जरिए राज्य सरकार के पक्ष में प्रचार की भी बात हमने चुनाव आयोग के सामने रखी है. वहीं, आलोक दुबे ने एनआरसी पर केंद्र सरकार की आलोचना की और कहा कि अभी चुनाव का टाइम है यह सब चुनावी स्टंट है.

झारखंड मुक्ति मोर्चा के महासचिव सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा राम मंदिर का नाम पर बीजेपी के नेता चुनाव प्रभावित करने की कोशिश कर रहे हैं .वही, इस चुनाव में पैसे का पूरी तरह से खेल खेला जाएगा जिस पर नजर रखना चाहिए. इन सब विषयों पर अभिलंब रोक लगाई जाए और चुनाव आयोग निष्पक्ष चुनाव कराए.