झारखंड: रांची के हिंदपीढ़ी छोड़कर 14 इलाकों को बनाया गया माइक्रो कंटेंमेंट-बफर जोन

रांची उपायुक्त ने कहा कि, जिले में 5 जगहों पर प्रशासनिक फोकस ज्यादा है. इसमें से हिंदपीढ़ी, बेड़ो, इटकी के साथ कांटाटोली के अलावा एक विक्षिप्त का मामला भी शामिल है.

झारखंड: रांची के हिंदपीढ़ी छोड़कर 14 इलाकों को बनाया गया माइक्रो कंटेंमेंट-बफर जोन
रांची उपायुक्त ने कहा कि, जिले में 5 जगहों पर प्रशासनिक फोकस ज्यादा है.

रांची: कोरोना पॉजिटिव के बढ़ते मामले को देखते हुए रांची के हॉटस्पॉट बने हिंदपीढ़ी इलाके में सीआरपीएफ की तैनाती की जा रही है. रांची में कुल 15 हॉटस्पॉट (Hotspot) है और हिंदपीढ़ी को छोड़कर अन्य 14 इलाकों को माइक्रो कंटेंमेंट जोन और बफर जोन बनाए गए हैं.

दरअसल, झारखंड की राजधानी रांची में कोरोना वायरस (Coronavirus) संक्रमण का दायरा बढ़ रहा है. इस बढ़ते दायरे की खबर से लोग दहशत में हैं. रांची उपायुक्त ने जानकारी देते हुए कहा कि, जिले में कोरोना को लेकर स्थिति नियंत्रण में है औऱ यहां से कुल 5 तरह के मामले सामने आए हैं.

पहला मामला हिंदपीढ़ी के संक्रमण से जुड़ा है, दूसरा मामला बेड़ों के जमात से संक्रमित, तीसरा मामला बुंडू से जुड़ा है जो संक्रमित व्यक्ति दूसरे राज्य से आया था, चौथा मामला लैब टेक्नीशियन से जुड़ा है और पांचवां मानसिक असंतुलित व्यक्ति से जुड़ा.

इससे अतिरिक्त कोई भी मामला नहीं है, इसीलिए यह कोशिश की जा रही है कि पांच मामलों से संक्रमित लोगों को कंटेंटमेंट किया जाए. इसके लिए 15 कंटेंटमेंट जोन बनाए गए हैं. जिसमें हिंदपीरी इलाज कंटेंटमेंट जोन है और अन्य माइक्रो कंटेंटमेंट जोन.

रांची उपायुक्त ने कहा कि, जिले में 5 जगहों पर प्रशासनिक फोकस ज्यादा है. इसमें से हिंदपीढ़ी, बेड़ो, इटकी के साथ कांटाटोली के अलावा एक विक्षिप्त का मामला भी शामिल है. इसके कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग का प्रयास किया जा रहा है.

वहीं, मामले पर जानकारी देते हुए एसएसपी अनीश गुप्ता ने कहा कि, हिंदपीढ़ी के जिन इलाकों में लोग संक्रमित मिले हैं. वहां प्रशांसन की पैनी निगाह है और उन इलाको में सीआरपीएफ (CRPF) को भी डिप्लोएड किया जा रहा है. एसएसपी ने कहा कि, फिलहाल 14 हाइवे पेट्रोल और पीसीआर (PCR) हिंदपीढ़ी में तैनात है. जबकि, हिंदपीढ़ी से अलग जो इलाके हैं, उन्हें माइक्रो कंटेंमेंट जोन बनाया गया है.

इसके साथ ही, 28 पॉइंट चिन्हित कर सीसीटीवी (CCTV) लगाया गया है. एसएसपी ने कहा कि, लॉकडाउन मेजर्स है उसे इम्प्लीमेंट कराया जा रहा है. ट्रांसमिशन की चेन को तोड़ने के लिए जरूरी है लोग घरों में रहें.

वहीं, प्रशासन ने यह जानकारी देते हुआ स्पष्ट किया है कि, जिले में कोरोना संक्रमण अंडर कंट्रोल है. लेकिन अगर लोगों ने लॉकडाउन का मजाक बनाया तो यह चीजें आउट ऑफ कंट्रोल हो सकती है, इसीलिए जरूरी है कि लोग लॉकडाउन के नियमों का पालन करें.
 
ठीक होने का अनुपात अच्छा
उपायुक्त ने कहा कि कोरोना पॉजिटिव पाए गए मरीजों के ठीक होने का अनुपात रांची जिले में अच्छा है और आगे भी हम ऐसा ही उम्मीद करते हैं.

लोगों से अपील
एसएसपी ने रांची के लोगों से अपील करते हुए कहा कि, वह अपने घरों में रहें. लॉकडाउन उल्लंघन में सख्त कार्रवाई की जा रही है. सरकारी पदाधिकारियों द्वारा प्राथमिकी दर्ज की जा रही है. आपदा प्रबंधन एक्ट के तहत 5 साल तक की सजा हो सकती है. जिला प्रशासन कड़ाई और कठोर कार्रवाई के लिए बाध्य होगी. आम जन अपने विवेक का इस्तेमाल कर इस लॉकडाउन को सफल बनाने में जिला प्रशासन का सहयोग करें. लोग अनावश्यक रूप से सड़कों पर बिल्कुल न आएं.

उन्होंने कहा कि, शहर में जो भी माइक्रो कांटेन्मेंट ज़ोन बनाए गए हैं. उस ज़ोन की भी सभी दुकान बंद रहेंगी. सभी लोगों का आना जाना बंद रहेगा. अतिआवश्यक मेडिकल कार्य हेतु अनुमति लेकर ही आवागमन की सुविधा दी जा सकती है. साथ ही, बफर जोन में आवागमन की चेकिंग की जाएगी.