रांची में ईद को लेकर रौनक, बाजार में हो रही जमकर खरीददारी

एक तरफ जहां अपने घर से बाहर वाले रहने वाले लोग अपने घर वापस लौट रहे हैं तो वहीं दूसरी तरफ से बाजारों की रौनक देखते ही बन रही है. 

रांची में ईद को लेकर रौनक, बाजार में हो रही जमकर खरीददारी
रांची में बाजारों की रौनक देखते ही बन रही है. (फाइल फोटो)

रांची: ईद को लेकर झारखंड की राजधानी रांची में गजब का उत्साह देखने को मिल रहा है. एक तरफ जहां अपने घर से बाहर वाले रहने वाले लोग अपने घर वापस लौट रहे हैं तो वहीं दूसरी तरफ से बाजारों की रौनक देखते ही बन रही है. 

 

लेकिन इसी बीच राजधानी में ईद की खुशियां हर आम और हर खास के बीच बरकरार रहे इसे लेकर ज़कात और फितरा का नियम है. कई जगहों पर लोग ऐसा करते नजर आ रहे हैं. जकात का मतलब होता है कि जिस व्यक्ति के पास साढ़े 7 तोला सोना या 52 तोला चांदी या फिर इतने के बराबर की कीमत है तो उसका जकात और फितरा फर्ज है.

इसका अर्थ है कि जितना भी पैसा एक इंसान के पास है उसमें से ढाई फीसदी पैसा गरीबों के बीच बांटने का नियम है. जकात और फितरा इसीलिए रखा जाता है क्योंकि जो संपन्न परिवार हैं वह तो ईद मनाए ही लेकिन जो गरीब वर्ग है उनके भी ईद का इंतजाम हो जाए. 
रांची में ईद के मद्देनजर दुकानों में भी खासी रौनक देखी जा रही है. बाजार में लोगों ईद की खरीददारी करते नजर आ रहे हैं.