पटना: फिटनेस सेंटर नहीं खोले जाने पर लोगों ने किया प्रदर्शन, की जिम खोलने की मांग

लॉकडाउन चार बीत जाने के बाद भी फिटनेस सेंटर खोलने को लेकर सरकार की तरफ से कोई सुगबुगाहट नहीं दिख रही. फिटनेस सेंटर के लगातार बंद रहने से फिटनेस लवर के बीच खासी नाराजगी देखने को मिल रही है. 

पटना: फिटनेस सेंटर नहीं खोले जाने पर लोगों ने किया प्रदर्शन, की जिम खोलने की मांग
फिटनेस क्लब के बंद रहने को लेकर फिटनेस प्रेमियों के बीच खासी नाराजगी देखने को मिल रही है.

पटना: लॉकडाउन चार बीत जाने के बाद भी फिटनेस सेंटर खोलने को लेकर बिहार सरकार की तरफ से कोई सुगबुगाहट नहीं दिख रही. फिटनेस सेंटर के लगातार बंद रहने से फिटनेस लवर के बीच खासी नाराजगी देखने को मिल रही है. वहीं फिटनेस एक्सपर्ट ने कहा है कि उनके सामने भूखे मरने की नौबत आ गयी है. सरकार को बिना देर किए जिम को विशेष गाइडलाइन के साथ खोलने की इजाजत देनी चाहिए.

देश में लॉकडाउन-5 और अनलॉक-1 की शुरुआत हो चुकी है. केन्द्र और राज्य सरकार ने लॉकडाउन खत्म करने की दिशा में कदम बढा दिया है. बिहार में भी अब कन्टेमेंट जोन को छोड़कर सभी जगह दुकानें खोलने का निर्देश जारी हो चुका है. राज्यों के बीच ट्रान्सपोर्ट सेवा भी शुरु हो चुकी है. लेकिन लॉकडाउन-4 बीत जाने के बाद भी फिटनेस क्लब नहीं खुल सके हैं.

लगातार फिटनेस क्लब के बंद रहने को लेकर फिटनेस प्रेमियों के बीच खासी नाराजगी देखने को मिल रही है. फिटनेस प्रेमियों ने सोमवार अलग अंदाज में विरोध प्रदर्शन किया. महिलाएं और पुरुष जिम खोलने के फेवर में सामने आए. फिटनेस की शौकीन नीलिमा सिंह ने कहा कि जिम बंद रहने की वजह से वो एक्सरसाईज नहीं कर पा रही हैं. घर में एक्सरसाईज का माहौल नहीं रहता है. लॉकडाउन की वजह से उनका वजन काफी बढ चुका है. ऐसे में जिम में एक्सरसाईज करना महिलाओं के लिए जरुरी हो जाता है.

कॉलेज स्टूडेंट रोमिला शरण भी मानती हैं कि सरकार को जिम खोलने का आदेश जारी करना चाहिए. फिट रहने के लिए जिम की अपनी अहमियत है. कॉलेज स्टूडेंट मनीष की माने तो घर में एक्सरसाईज और फिटनेस ट्रेनर के सामने की गयी एक्सरसाईज में काफी फर्क होता है. एथलीट पूरे साल सिर्फ साठ सेकेंड के अपने प्रेजेटेंशन के लिए मेहनत करते हैं. ऐसे में दो महीने से फिटनेस सेंटर से अलग रहना काफी परेशानी भरा है.

इधर, जिम बंद होने का असर सिर्फ फिटनेस प्रेमियों को ही नहीं खल रहा बल्कि फिटनेस एक्सपर्ट या जिम ऑनर भी हालात से परेशान हैं. पटना के फिटनेस एक्सपर्ट विकास कहते हैं कि दो महीने के लॉक डाउन की वजह से उनके सामने भूखों मरने की नौबत है. सरकार ने सभी व्यवसायिक संस्थानों को खोलने का निर्देश जारी कर दिया है फिर जिम क्यों नहीं?

उन्होंने कहा कि जो जिम संचालक हैं उनके पास किराया देने और स्टाफ को सैलरी देने के लिए पैसे नहीं हैं. सरकार की सभी गाईडलाईन का पालन हमलोग करने के लिए तैयार हैं. लेकिन सरकार को जिम के लिए विशेष गाईडलाईन देते हुए जिम खोलने का निर्देश जारी करना चाहिए. जिम से कोरोना फैलेगा नहीं बल्कि लोगों का इम्युनिटी सिस्टम और बेहतर होगा.