बिहार: नक्सलियों को की जानी थी मुंगेर में बरामद हथियारों की आपूर्ति

मुंगेर प्रक्षेत्र के पुलिस उपमहानिरीक्षक (डीआईजी) मनु महाराज ने कहा है कि लखीसराय मुठभेड़ में नक्सलियों को काफी नुकसान उठाना पड़ा है, इस कारण नक्सलियों में बौखलाहट है. 

बिहार: नक्सलियों को की जानी थी मुंगेर में बरामद हथियारों की आपूर्ति
मुंगेर रेंज के डीआईजी ने किया इस मामले का खुलासा. (फाइल फोटो)

मुंगेर: बिहार का मुंगेर जिले के कासिमबाजार थाना क्षेत्र में बुधवार को बड़ी संख्या में बरामद हथियारों की आपूर्ति नक्सलियों को की जानी थी. यह बात पुलिस ने कही है. सूत्रों के अनुसार, पिछले दिनों लखीसराय जिले में पुलिस के साथ नक्सलियों की हुई मुठभेड़ में नक्सलियों को भारी नुकसान उठाना पड़ा था. पुलिस सूत्रों का कहना है कि नक्सली हाल में झारखंड चुनाव, अगले साल होने वाले बिहार चुनाव को देखते हुए छोटे हथियारों को जमा करने की कोशिश में जुटे हैं. 

मुंगेर प्रक्षेत्र के पुलिस उपमहानिरीक्षक (डीआईजी) मनु महाराज ने कहा है कि लखीसराय मुठभेड़ में नक्सलियों को काफी नुकसान उठाना पड़ा है, इस कारण नक्सलियों में बौखलाहट है. 

उन्होंने दावा किया कि बुधवार को बरामद हथियारों को नक्सलियों को आपूर्ति किया जाना था. पुलिस ने 29 दोनाली बंदूकें और दो राइफल के अलावा विभिन्न प्रकार के 529 कारतूस बरामद किए थे. इस मामले में चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है. सूत्रों का कहना है कि बरामद हथियारों की खेप में एक 'बेवली स्कट' राइफल भी है, जिसका सौदा नक्सलियों के साथ तस्करों का हो चुका था. 

डीआईजी मनु महाराज ने बताया, "पूर्व में गिरफ्तार नक्सलियों ने खुलासा किया था कि बंदूक कारखाना से निर्मित हथियारों की आपूर्ति मुंगेर के पूर्व कारखाना व दुकान संचालक मनोज शर्मा के द्वारा की जाती है. इस कार्य में कई लोग शामिल हैं, जो नक्सलियों और अपराधियों को अवैध हथियार और गोलियां पहुंचाते हैं."

महाराज ने इस बात का खुलासा किया कि बरामद दो नाली बंदूकें, मुंगेर बंदूक कारखाना से निर्मित हैं और गिरफ्तार मनोज शर्मा की भी बंदूक कारखाना में एक कारखाना और शहर में एक दुकान थी, जिसका लाइसेंस नवीनीकरण (रिनुअल) नहीं होने के कारण वह बंद है. बचे हथियार और गोली वे अपने घर में अवैध तरीके से रखे हुए थे. उन्होंने बताया कि वह यहां से अवैध तरीके से नक्सलियों व अपराधियों को हथियार और गोली की आपूर्ति करने का काम करता था. 

डीआईजी मनु महाराज को सूचना मिली थी कि हथियार तस्कर बड़ी मात्रा में हथियारों की आपूर्ति करने वाले हैं. इसी सूचना के आधार पर डीआईजी ने एक विशेष टीम का गठन किया. विशेष टीम ने बुधवार को कासिमबाजार थाना क्षेत्र में छापेमारी कर बड़ी मात्रा में हथियार और हथियार बनाने में प्रयुक्त होने वाले उपकरण भी बरामद किए गए हैं.

महाराज ने कहा कि पुलिस ने इस मामले में मुफस्सिल थाना क्षेत्र के मुबारक चक निवासी टीपू सुल्तान, कासिमबाजार थाना क्षेत्र के चुआबाग निवासी किशन कुमार, मकसुसपुर निवासी मनोज शर्मा और दलहट्टा निवासी भवानी कुमार को गिरफ्तार किया है.