राजस्थान चुनाव : कांग्रेस ने जारी की स्टार प्रचारकों की सूची, बिहार से सिर्फ मीरा कुमार

कांग्रेस की ओर जारी की गयी सूची में बिहार से मीरा कुमार को स्टार प्रचारकों की सूची में शामिल किया गया है. 

राजस्थान चुनाव : कांग्रेस ने जारी की स्टार प्रचारकों की सूची, बिहार से सिर्फ मीरा कुमार
कांग्रेस के स्टार प्रचारकों में बिहार से सिर्फ मीरा कुमार. (फाइल फोटो)

पटना : 7 दिसंबर को राजस्थान में होने वाले चुनाव प्रचार के लिए कांग्रेस ने अपने स्टार प्रचारकों की सूची जारी कर दी है. इसमें बिहार से सिर्फ मीरा कुमार का नाम शामिल किया गया है. जबकि पार्टी के कई बडे नेताओं को इसमें जगह नहीं मिल सकी है. कांग्रेस में बिहारी नेताओं की उपेक्षा पर विपक्ष भी खूब चुटकियां ले रहा है.

राजस्थान में 7 दिसंबर को विधानसभा चुनाव होने हैं. सभी दलों ने चुनाव को लेकर अपनी ताकत झोंक दी है. पार्टी की तरफ से स्टार प्रचारकों की सूची भी जारी की गयी है. कांग्रेस ने भी अपने स्टार प्रचारकों की सूची जारी की है. लेकिन इस सूची में बिहार के केवल एक नेता को जगह मिली है.

पार्टी की ओर जारी की गयी सूची में बिहार से मीरा कुमार को स्टार प्रचारकों की सूची में शामिल किया गया है. मीरा कुमार ऐसी उपलब्धि हासिल करनेवाली इकलौती कांग्रेसी हैं. जबकि बिहार से शकील अहमद, निखिल कुमार, सदानंद सिंह, मदन मोहन झा, प्रेमचन्द्र मिश्रा, अखिलेश सिंह जैसै नेताओं को पार्टी ने स्टार प्रचारकों की सूची से बाहर रखा है.

पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मदन मोहन झा कहते हैं कि पार्टी जरुरत के मुताबिक नेताओं का इस्तेमाल करती है. छत्तीसगढ में उम्मीदवारों की डिमांड पर वो भी चुनाव प्रचार में शामिल होने गये थे. राजस्थान में होनेवाले चुनाव को लेकर भी वो प्रचार में जाएंगे. पार्टी सभी नेताओं के लिस्ट स्टार प्रचारकों में जारी नही करती जुरुरत के मुताबिक नेताओं को चुनाव में लगाया जाता है. मदन मोहन झा ने कहा कि पार्टी की ओर से ये कोशिश होती है कि अध्यक्ष, सीएलपी, विधायक, विधान पार्षदों को चुनाव प्रचार में न लगाया जाय क्योंकि ऐसे पद धारकों के पास पहले से ही काफी काम होता है.

इधर कांग्रेस में बिहारी नेताओं की उपेक्षा पर बीजेपी नेता खूब चुटकी लेते नजर आते हैं. पार्टी के बिहार उपाध्यक्ष नीतीश मिश्रा कहते हैं कि ये कांग्रेस का अंदरुनी मामला है. लेकिन पार्टी को बिहार के कांग्रेसी नेताओं को राष्ट्रीय स्तर पर पहचना दिलानी चाहिए. कांग्रेस अगर बिहारी नेताओं की मदद प्रचार में लेती तो बेहतर होता क्योंकि देश के हर कोने में बिहारी हैं जो बिहारी वोटरों को रिझा सकते हैं. वैसे कांग्रेस आलाकमान के फैसले को कांग्रेसी किस तरह देखते हैं ये कांग्रेसी ही बता सकते हैं.

ये कोई पहला मामला नहीं है जब कांग्रेस में बिहार के नेताओं की अनदेखी की गयी है. इससे पहले भी जब सीडब्लूसी की कमिटि गठित हुई थी. तब किसी भी बिहारी नेता को उसमें जगह नहीं दी गयी थी. बाद में मामला तूल पकडता देख मीरा कुमार को उस कमिटी में जगह दी गयी. ऐसे में सवाल उठना लाजिमी है कि क्या वाकई कांग्रेस आलाकमान का दिल बिहारी नेताओं के लिए छोटा हो गया है.