अपने पहले गुरु से मिलकर भावुक हुए रामविलास पासवान, 60 साल बाद हुई मुलाकात

केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान अपने पहले गुरु के लिए दिल्ली से पटना पहुंचे.

अपने पहले गुरु से मिलकर भावुक हुए रामविलास पासवान, 60 साल बाद हुई मुलाकात
रामविलास पासवान अपने पहले गुरु से मिलने पहुंचे.

पटनाः केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान अपने पहले गुरु के लिए दिल्ली से पटना पहुंचे. सोमवार को उन्होंने अपने पहले गुरु कन्हैया लाल से पटना सिटी में मिले. इस दौरान पासवान काफी भावुक हो गए. उन्होंने उनके पास बैठकर कई पुरानें बातें की, वहीं पासवान ने गुरुजी को शॉल भेंट की. बताया जा रहा है कि वह 60 साल बाद अपने गुरु जी से मुलाकात की.

भारत की संस्कृति में गुरु और शिष्य का रिश्ता काफी पुराना है. सदियों से इस रिश्ते को हमेशा प्यार और भावुक मन से देखा गया है. शिक्षा पूरी करने के बाद हमेशा से गुरु का स्थान जिंदगी में भगवान जैसा ही होता है. जिसे हम हमेशा याद करते हैं. जब कभी किसी परेशानियों में फंसते हैं तो गुरु के पाठ हमें पूरी जिंदगी याद आती है.

कुछ ऐसा ही केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान और उनके गुरु कन्हैया लाल का संबंध है. वैसे तो उनके गुरु समस्तीपुर के नरहर के रहनेवाले हैं. लेकिन वह अब पटना सिटी में रहते हैं. कन्हैया लाल ने ही रामविलास पासवान को लिखना और पढ़ना सिखाया वह उनके पहले गुरु हैं.

पासवान ने बताया कि उनके फुफेरे भाई ने उन्हें गुरु कन्हैया लाल जी का नंबर दिया. जिसके बाद मैं उनसे मिलने फौरन पहुंच गया. वह दिल्ली से सीधे पटना सिटी पहुंचे. वहीं, गुरु जी से मिलने के बाद रामविलास पासवान काफी भावुक दिखे.

पासवान ने गुरु जी से अपने पुराने दिनों की कई सारी चर्चाएं की. इस बीच वह काफी भावुक दिखे. वहीं, उन्होंने अपने गुरु को शॉले भेंट किया. साथ ही उन्हें 50 हजार रुपये की आर्थिक मदद भी की.