समस्तीपुर : स्कूल में फायरिंग और तोड़फोड़ से बच्चों में दहशत, 15 लोग न्यायिक हिरासत में

16 जुलाई की सुबह आपसी वर्चस्व को लेकर स्कूल रणक्षेत्र में तब्दील हो गया. प्रिंसिपल की कुर्सी को लेकर दो गुटों में झड़प हो गया.

समस्तीपुर : स्कूल में फायरिंग और तोड़फोड़ से बच्चों में दहशत, 15 लोग न्यायिक हिरासत में
प्रिंसिपल की कुर्सी को लेकर दो गुटों में विवाद. (प्रतीकात्मक तस्वीर)

समस्तीपुर : रोसड़ा के बटहा स्थित सुंदरी देवी सरस्वती विद्या मंदिर में 16 जुलाई को हुए फायरिंग और तोड़फोड़ की घटना के बाद दहशत का माहौल है. घटना के बाद प्रशासन ने स्कूल बंद करने का आदेश जारी किया है. स्कूल बंद होने से बच्चों के भविष्य पर संकट मंडराने लगा है. 

16 जुलाई की सुबह आपसी वर्चस्व को लेकर स्कूल रणक्षेत्र में तब्दील हो गया. संस्थापक डॉ राम स्वरुप महतो के दामाद डॉ एनके सिंह के द्वारा वर्तमान प्रधानाध्यपक देवानंद दूरदर्शी को प्रिंसिपल की कुर्सी से हटाकर सहायक शिक्षिका रंजना कुमारी को जिम्मेदारी देने को लेकर लगातार दबाव बनाया जा रहा था. एनके सिंह 30-35 लोगों के साथ स्कूल आकर प्रिंसिपल के साथ न सिर्फ मारपीट की, बल्कि परिसर में खड़े कई वाहनों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया. 

15 लोगों को पुलिस ने न्यायिक हिरासत में भेजा
इस घटना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने घटना में शामिल 15 लोगों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया. साथ ही अगले आदेश तक स्कूल को बंद करा दिया. इस मामले में वर्तमान प्रिंसिपल देवानंद दूरदर्शी का कहना है कि विद्या भारती द्वारा संचालित इस स्कूल में अबतक प्रिंसिपल की नियुक्ति और स्थानांतरण लोक शिक्षा समिति के सचिव के द्वारा ही किया जाता रहा है. उनका स्थानांतरण भी लोक शिक्षा समिति के सचिव के द्वारा ही किया गया, लेकिन डॉ एनके सिंह जबरन उन्हें हटाकर दूसरी महिला को प्रिंसिपल की कुर्सी पर बिठाना चाहते हैं. 

प्रिंसिपल की कुर्सी को लेकर हुआ विवाद
प्रिंसिपल की कुर्सी को लेकर उपजे विवाद के बाद स्कूल में तोड़फोड़ और फायरिंग की घटना से दहशत का माहौल है. प्रशासन के आदेश पर छात्रावास को भी खाली करा दिया गया है. ज्यादातर बच्चे घर चले गए है, लेकिन कुछ अपने अभिवावक के इंतजार में अभी भी वहीं हैं. प्रशासन की तरफ से सुरक्षा के इंतजाम जरूर किए गए हैं, लेकिन छात्रों में अभी भी दहशत व्याप्त है.