खगड़िया: गंगा का जलस्तर घटा लेकिन जलजमाव से नहीं मिला छुटकारा, दुर्गंध से लोग परेशान

हालात का अंदाज इस बात से लगाया सकता है कि जिला प्रशासन को नाव चलाने की व्यवस्था करनी पड़ी है. वहीं, स्थानीय लोगों की मानें तो जल निकासी का कोई व्यवस्था नहीं रहने के कारन इस बाढ़ जैसे हालात से छुटकारा मिलने में महीनों लग सकता है.

खगड़िया: गंगा का जलस्तर घटा लेकिन जलजमाव से नहीं मिला छुटकारा, दुर्गंध से लोग परेशान
सबसे ज्यादा परेशानी पानी में दुर्गंध होने से लोगों को हो रहा है.

खगड़िया: बिहार के खगड़िया में गंगा, गंडक, कोशी वागमती नदी के जलस्तर में कमी हो रही है लेकिन अब भी सभी नदी खतरे के निशान से एक मीटर से ज्यादा ऊपर बह रही है. नदी में आए बाढ़ से जहां डेढ़ लाख से ज्यादा की आबादी प्रभावित है वहीं, एक सप्ताह पहले हुए भारी बारिश से शहर में अभी भी बाढ़ जैसे हालात बने हुए हैं. 

जिले में हालात का अंदाज इस बात से लगाया सकता है कि जिला प्रशासन को नाव चलाने की व्यवस्था करनी पड़ी है. वहीं, स्थानीय लोगों की मानें तो जल निकासी का कोई व्यवस्था नहीं रहने के कारण इस बाढ़ जैसे हालात से छुटकारा मिलने में महीनों लग सकता है. सबसे ज्यादा परेशानी पानी में दुर्गंध होने से लोगों को हो रही है. वहीं, जलजमाव की वजह से महामारी का खतरा बढ़ रहा है.

शहर के राजेन्द्र नगर चित्रगुप्त नगर कृष्णा नगर की तो यहां के 5 हजार से ज्यादा की आबादी बर्षा के पानी से घिरा हुआ है. इन लोगों को बाहर निकलने में काफी कठिनाई का सामना करना पर रहा है. जिसके बाद जिला प्रशासन ने इनलोगो के लिए नाव मुहैया कराया है. एक सप्ताह से बारिश का पानी जमा है और इस इलाके और इसमें घर का गंदा पानी मिलने के बाद यह काला पड़ गया है और इसमें से काफी दुर्गंध भी आ रही है. 

वहीं स्थानीय वार्ड पार्षद की माने तो एक सप्ताह से सभी अधिकारी से बात कर रहें हैं लेकिन एक बूंद तक पानी इस इलाके से नहीं निकाला जा सका है और न ही एक माह के भीतर पानी निकलने का कोई संभावना नहीं है. जिससे इस इलाके में महामारी हो सकता है. खगड़िया के प्रभारी सचिव पंकज पाल की माने तो सभी नदी अब भी खतरे के निशान से उपर बह रही है.

जल निकासी में शहरी क्षेत्रों के दान नगर से पानी तो निकाल दिया गया लेकिन राजेन्द्र नगर से जल निकासी समय लगेगा है जिससे लोगों को अभी परेशानी हो सकता है. लेकिन जहां पानी निकल रहा है वहां चूना ब्लीचिंग और फागिंग की व्यवस्था की गई है.