कम बारिश और हवा की धीमी रफ्तार से दिल्ली में ‘बेहद खराब’ हुई वायु गुणवत्ता

केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के आंकड़ों के अनुसार शहर का कुल वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 349 था जो ‘बेहद खराब’ श्रेणी में आता है.

कम बारिश और हवा की धीमी रफ्तार से दिल्ली में ‘बेहद खराब’ हुई वायु गुणवत्ता
(फाइल फोटो)

नई दिल्ली: पर्याप्त बारिश नहीं होने और हवा की गति मंद पड़ने के कारण दिल्ली में बुधवार को कुल वायु गुणवत्ता ‘बेहद खराब’ श्रेणी में बनी रही. अधिकारियों ने यह जानकारी दी. केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के आंकड़ों के अनुसार शहर का कुल वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 349 था जो ‘बेहद खराब’ श्रेणी में आता है.

शून्य से 50 के बीच एक्यूआई ‘अच्छा’, 51 से 100 के बीच ‘संतोषजनक’, 101 से 200 के बीच वायु गुणवत्ता सूचकांक ‘मध्यम श्रेणी’ में आता है, जबकि 201 से 300 के बीच यह 'खराब' तथा 301 से 400 के बीच ‘बहुत खराब’ श्रेणी में आता है. 401 से 500 के बीच होने पर वायु गुणवत्ता सूचकांक को 'गंभीर' माना जाता है.

सीपीसीबी ने बताया कि राष्ट्रीय राजधानी के 25 इलाकों में वायु गुणवत्ता ‘बहुत खराब’ जबकि तीन इलाकों में ‘खराब’ दर्ज की गयी.

मध्य दिल्ली के शादीपुर और उत्तर पश्चिम दिल्ली के वजीरपुर में वायु गुणवत्ता ‘गंभीर’ श्रेणी में दर्ज की गयी.

उसके अनुसार हवा में पीएम 2.5 (2.5 माइक्रोमीटर से कम के व्यास वाले सूक्ष्म कण) का स्तर 179 और पीएम 10 का स्तर 293 दर्ज किया गया.

सीपीसीबी के आंकड़ों के अनुसार राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में गाजियाबाद और ग्रेटर नोएडा और नोएडा में वायु गुणवत्ता ‘बहुत खराब’ जबकि गुरुग्राम में यह ‘खराब’ श्रेणी में दर्ज की गयी.

अधिकारियों ने बताया कि बारिश नहीं होने के कारण वायु गुणवत्ता में पर्याप्त सुधार नहीं हो रहा है.

उन्होंने कहा कि अगले तीन दिनों तक हवा की गुणवत्ता ‘खराब’ और ‘बहुत खराब’ के बीच रहेगी.