दिल्ली में सांस लेना हुआ दूभर, प्रदूषण का स्तर खतरनाक; स्कूलों की छुट्टी

यूपी के बुलंदशहर, हापुड़ और हरियाणा के पानीपत व सोनीपत में भी स्कूल बंद.

दिल्ली में सांस लेना हुआ दूभर, प्रदूषण का स्तर खतरनाक; स्कूलों की छुट्टी
दिल्ली का आईटीओ इलाके में सबसे ज्यादा प्रदूषित रहा. प्रदूषण के चलते जगह-जगह पानी का छिड़काव किया गया.

नई दिल्ली: राष्ट्रीय राजधानी में वायु प्रदूषण (Air Pollution) के खतरनाक स्तर पर पहुंच जाने के कारण शुक्रवार तक सभी स्कूल बंद रखने का आदेश जारी किया गया है. दिल्ली सरकार ने यह निर्णय पर्यावरण प्रदूषण (रोकथाम एवं नियंत्रण) प्राधिकरण (EPCA) की सिफारिश के बाद लिया. वहीं, दिल्ली से सटे गाजियाबाद और गौतमबुद्ध नंबर में भी स्कूलों की छुट्टियां की गई हैं. इससे पहले नवंबर की शुरुआत में दिल्ली सरकार ने बढ़ते प्रदूषण के स्तर के मद्देनजर दिल्ली-एनसीआर में पब्लिक हेल्थ इमरजेंसी घोषित करने के बाद सभी स्कूलों को चार दिनों के लिए बंद कर दिया था. एयर क्वालिटी में सुधार के बाद 5 नवंबर को स्कूल फिर से खुले थे.

कार्यक्रम स्थगित
प्रदूषण की वजह से दक्षिणी दिल्ली नगर निगम ने आज बाल दिवस पर होने वाला अपना एक बड़ा कार्यक्रम स्थगित कर दिया है. यह कार्यक्रम अम्बेडकर स्टेडियम में होना था जिसमे 12 हज़ार से ज़्यादा बच्चों को शामिल बुलाया गया था. मनोज तिवारी, मीनाक्षी लेखी और प्रवेश वर्मा समेत कई वीआईपी अतिथि भी बुलाए गए थे. यहां बता दें कि दिल्ली में आज सुबह एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 453 पीएम स्तर 2.5 रहा. इसके अलावा नोएडा में एक्यूआई 569 और गुरुग्राम में 472 रिकॉर्ड किया गया.

जरूरत पड़ी तो ऑड-ईवन की अवधि बढ़ा सकते हैं: केजरीवाल
 दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बुधवार को कहा कि अगर वायु गुणवत्ता आगे बिगड़ती रही तो ऑड-ईवन (सम-विषम) योजना को आगे तक जारी रखा जा सकता है. केजरीवाल ने संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि उन्हें लोगों के स्वास्थ्य के साथ-साथ वायु प्रदूषण के कारण दुनिया के सामने देश की छवि की भी चिंता है.

उन्होंने कहा, "जरूरत पड़ी तो हम ऑड-ईवन की अवधि बढ़ा सकते हैं."

केजरीवाल ने कहा कि पिछले महीने जब जर्मन चांसलर एंजेला मर्केल दिल्ली में थीं तब चारों तरफ धुंध था.

केजरीवाल ने कहा, "दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी है और अगर यहां इतना धुंध है, तो दुनिया में क्या संदेश जा रहा है. मर्केल जब यहां थीं तब चारों तरफ धुंध था. उससे क्या संदेश गया होगा?"

दिल्ली सरकार ने वायु प्रदूषण को रोकने के लिए यहां चार नवंबर से 15 नवंबर तक ऑड-ईवन योजना लागू की है.

प्रदूषण के कारण आंखों में जलन
नेत्ररोग विशेषज्ञों का कहना है कि राष्ट्रीय राजधानी में वायु प्रदूषण के खतरनाक स्तर तक पहुंच जाने से लोग एलर्जी, आंखों में जलन और खुजली सहित कई तरह की समस्याएं लेकर उनके पास पहुंच रहे हैं. आंख रोगियों की संख्या में तेजी से इजाफा देखा जा रहा है. दिल्ली नेत्र केंद्र और सर गंगाराम अस्पताल के एक नेत्ररोग विशेषज्ञ इकेडा लाल के अनुसार, आंखों में एलर्जी और इससे संबंधित अन्य समस्याओं का प्रमुख कारण हवा में धूल और धुआं की मात्रा अधिक होना है.