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बारिश के साथ ओलावृष्टि ने किसानों के अरमानों पर फेर दिया पानी, राहत की मांग

हिसार के जुगलान में ओलावृष्टि से हुए नुकसान को देखकर एक किसान की मौत होने की बात भी चर्चा में है

बारिश के साथ ओलावृष्टि ने किसानों के अरमानों पर फेर दिया पानी, राहत की मांग
हिसार में मुआवजे की गुहार लगाने पहुंचे किसान

हिसार: हरियाणा में चुनावी मौसम के दौरान कुदरती मौसम ने अपना कहर दिखा दिया है. हिसार जिला के 2 दर्जन से अधिक गांवों में हुई तेज बारिश और भारी ओलावृष्टि ने सैंकड़ों एकड़ में पक्की और कटाई के लिए तैयार फसल को नष्ट कर दिया है. रोषित किसान शनिवार को मुआवजे की मांग को लेकर हिसार के डीसी अशोक मीणा से मिलने लघुसचिवालय पहुंचे.

किसान इस बीच अपने खेतों से खराब फसल भी उखाड़कर साथ लेकर आए थे. किसानों ने प्रशासन से विशेष गिरदावरी करवाने की मांग की है. उधर, हिसार के जुगलान में ओलावृष्टि से हुए नुकसान को देखकर एक किसान की मौत होने की बात भी चर्चा में है. हिसार जिला के किरमारा एरिया के रामफल ने बताया कि वो और उसके साथी प्रभावित फसल लेकर जिला के मुख्य अधिकारी को दिखाने पहुंचे हैं.

रामफल और विजय का कहना था कि अचानक शुक्रवार को आई कुदरत की आफत ने उनका सबकुछ बर्बाद कर दिया है. हालात यह है कि खेतों में गेहूं की बिजाई चौपट हो गई है. इसके अलावा कपास, गाजर और धान की फसल को काफी नुकसान पहुंचा है. बर्बादी से हताश किसानों ने रूखे गले से कहा कि सब बर्बाद हो गया है.

किसान दिलबाग, ओमबीर और रणबीर ने बताया कि किसानों को काफी नुकसान पहुंचा है. कपास और धान की फसल में कुछ नहीं बचा. ओलावृष्टि जब हुई, तो कपास के फोए नीचे गिर गए, इसके अलावा पशुओं के लिए चारा भी नष्ट हो गया है. उन्होंने बताया कि कई किसानों ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत बीमा करवाया हुआ है, लेकिन बीमे की राशि पिछली बार भी नहीं मिल पाई थी. जानबूझ कर किसानों को परेशान करने के लिए कंपनी वाले कोर्ईं ना कोई कमी निकाल देते हैं.

ऐसे में उनकी मांग है कि प्रशासन मामले में हस्तक्षेप करे और तुंरत गिरदावरी करवाकर प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत मुआजवा दिलवाए. ओलावृष्टि से बरवाला, हिसार, उकलाना ब्लॉक के 2 दर्जन के करीब गांवों के खेतों में नुकसान पहुंचा है. किसानों ने कहा कि अगर प्रशासन ने सहायता नहीं की, तो शायद वो अपने बच्चों के स्कूल की फीस भी नहीं भर पाएंगे.